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प्रेग्नेंसी बनी राहत की वजह! नासिक TCS धर्मांतरण केस की आरोपी निदा खान को कोर्ट ने दी जमानत

TCS Case Nida Khan Bail: नासिक TCS अवैध धर्मांतरण मामले में आरोपी निदा खान को अदालत से बड़ी राहत मिली है. धर्मांतरण और कथित लव जिहाद से जुड़े आरोपों के मामले में न्यायालय ने उनकी जमानत याचिका स्वीकार कर ली है.

By: Shristi S | Last Updated: July 6, 2026 7:30:40 PM IST



Nashik TCS Case Nida Khan Bail: नासिक TCS अवैध धर्मांतरण मामले में आरोपी निदा खान को अदालत से बड़ी राहत मिली है. धर्मांतरण और कथित लव जिहाद से जुड़े आरोपों के मामले में न्यायालय ने उनकी जमानत याचिका स्वीकार कर ली है.

सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने कई कानूनी और मानवीय आधार अदालत के सामने रखे, जिन पर विचार करने के बाद कोर्ट ने उन्हें जमानत देने का फैसला सुनाया. हालांकि, मामले की सुनवाई और अन्य कानूनी प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी.

क्या है पूरा मामला?

नासिक TCS का कथित गैर-कानूनी धर्मांतरण का मामला कुछ समय से खबरों में है. इस मामले में कई लोगों पर आरोप लगाए गए थे, और जांच के बाद पुलिस ने कोर्ट में चार्जशीट फाइल की थी. ट्रायल अभी भी चल रहा है, और दूसरे आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई चल रही है.

बचाव पक्ष ने रखीं ये दलीलें

सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने अदालत को बताया कि निदा खान प्रेग्नेंट हैं और मानवीय आधार पर उन्हें जमानत दी जानी चाहिए. वकील ने यह भी कहा कि मामले की जांच पूरी हो चुकी है और पुलिस पहले ही चार्जशीट दाखिल कर चुकी है. 

उनका तर्क था कि अब आरोपी से हिरासत में रखकर आगे पूछताछ करने की कोई आवश्यकता नहीं है. इसके अलावा यह भी दलील दी गई कि निदा खान का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है और वह आदतन अपराधी नहीं हैं. इसलिए उनके दोबारा कथित अपराध करने की आशंका भी नहीं है. 

मेडिकल ग्राउंड पर राहत मिली

बचाव पक्ष की दलीलों पर गौर करते हुए, कोर्ट ने माना कि आरोपी प्रेग्नेंट है और जांच पूरी हो चुकी है. इन हालात को देखते हुए, कोर्ट ने निदा खान को मेडिकल ग्राउंड पर बेल दे दी. हालांकि, कोर्ट ने बेल के साथ कुछ शर्तें भी लगाईं, जिन्हें आरोपी को मानना ​​होगा.

निदा खान को बेल मिलने के बाद जेल से रिहा कर दिया जाएगा, लेकिन उन्हें कोर्ट की सभी शर्तें माननी होंगी. केस ट्रायल कोर्ट में चलेगा, और आखिरी फैसला कोर्ट में पेश किए गए सबूतों और गवाहों के आधार पर होगा.

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