IVF Pregnancy Symptoms: प्रेग्नेंसी कंसीव न कर पाने के कारण अक्सर महिलाएं चिंतित रहने लगती हैं. हालांकि, ऐसा तब होता है जब उन्हें गर्भधारण करने में कोई समस्या होती है. ऐसे कपल्स को इन विट्रो फर्टिलिटी या आईवीएफ (IVF) तकनीक की मदद लेनी पड़ती है. हालांकि, आईवीएफ टेक्नीक काफी कारगर साबित हो रही है. आजकल कई कपल्स इसके जरिए संतान का सुख प्राप्त कर चुके हैं. यही नहीं, वे सफल तरीके से पेरेंट्स बने हैं. बता दें कि, आईवीएफ में प्रेग्नेंसी के लिए असिस्टेड रिप्रोडक्टिव टेक्नोलॉजी (assisted reproductive technology) का सहारा लिया जाता है.
इस टेक्नीक के जरिए स्पर्म के साथ अंडे को फर्टिलाइज किया जाता है. इसे ही आईवीएफ कहते हैं. इसके बाद महिला के गर्भाशय (Uterus) में भ्रूण को सफल तरीके से डाल दिया जाता है. अब सवाल है कि आखिर, IVF तकनीक से प्रेग्नेंसी में कब और क्या नजर आते हैं? इस बारे में बता रही हैं नोएडा की सीनियर मेडिकल ऑफिसर एवं गायनेकोलॉजिस्ट डॉ. मीरा पाठक-
IVF प्रेग्नेंसी में कब और क्या लक्षण नजर आते?
- डॉक्टर के अनुसार, आईवीएफ के जरिए जब प्रेग्नेंसी प्लान की जाती है, तो भ्रूण को गर्भाशय में ट्रांसफर करने के बाद महिला को हल्की ब्लीडिंग या स्पॉटिंग के शुरुआती लक्षण नजर आ सकते हैं. यह लक्षण भ्रूण को ट्रांसफर करने के एक सप्ताह बाद नजर आ सकता है और यह एक पॉजिटिव लक्षण होता है.
- हालांकि, अधिक ब्लीडिंग हो, तो डॉक्टर से तुरंत सपंर्क करना चाहिए. जब टॉयलेट पेपर या अंडरवियर पर स्पॉटिंग नजर आए, तो यह इम्प्लांटेशन का संकेत है, जिसका मतलब है कि भ्रूण आपके गर्भाशय की दीवार की परत में प्रत्यारोपित हो गया है.
- जब भ्रूण को गर्भावस्था में डाल दिया जाता है, तो उसके एक से दो सप्ताह बाद प्रेग्नेंसी के कुछ लक्षण (Pregnancy Symptoms) नजर आने शुरू हो जाते हैं.
- कई बार बहुत ज्यादा पेट के निचले हिस्से में दर्द, ऐंठन भी हो सकता है. मांसपेशियों में खिंचाव महसूस हो सकता है. यह इस बात का भी संकेत हो सकता है कि भ्रूण स्थानांतरण (embryo transfer) सफल रहा.
- नॉर्मल प्रेग्नेंसी में जिस तरह थकान महसूस होती है, आईवीएफ प्रक्रिया के जरिए गर्भ धारण करने पर भी आपको बहुत अधिक थकान महसूस हो सकती है. प्रेग्नेंसी के शुरुआती चरणों में प्रोजेस्टेरॉन हार्मोन काफी बढ़ जाता है, इससे भी थकान होती है.
- आईवीएफ प्रॉसेस के जरिए गर्भ धारण करने पर आपके पीरियड्स मिस हो सकते हैं. आपके स्तनों में बदलाव नजर आ सकता है. सूजन हो सकता है. यदि आपके स्तन सूज गए हैं या छूने पर दर्द होता है, तो यह एक सकारात्मक भ्रूण ट्रांसफर का संकेत हो सकता है.
- इसके अलावा, ब्लोटिंग, मॉर्निंग सिकनेस, मतली, उल्टी होना ये सभी लक्षण भी आपको शुरुआत में नजर आ सकते हैं. आपको बार-बार पेशाब जाने का मन कर सकता है.