अपने पर्सनल लाइफ और करियर में बैलेंस स्थापित करने के लिए महिलाएं लेट प्रेग्नेंसी प्लान कर रही हैं, हालांकि एज बढ़ने के साथ-साथ महिलाओं में हार्मोनल चेंजेस होते हैं, जिसका असर एग क्वालिटी पर पड़ता है, इसलिए मेडकल साइंस में अब एग फ्रीजिंग का कांसेप्ट काफी फेमस हो रहा है. आज कई एक्ट्रेस और सेलेब्रिटीज अपने लेट मदरहुड की प्लानिंग के लिए एग फ्रीज करा रही हैं. इसी कड़ी में ग्राम पंचायत फेम आंकाक्षा रंजन कपूर ने भी एग फ्रीजिंग कराई है. इस मामले में एक्ट्रेस सोहा अली खान के पोडकास्ट में डॉ. हेतल पारेख से बातचीत करते हुए बताया कि ये प्रोसेस कितनी हेल्पफुल है और महिलाओं को क्या-क्या चुनौतियां फेस करनी पड़ सकती हैं-
एक्ट्रेस का एक्सपीरिएंस कैसा रहा?
एक्ट्रेस आकांक्षा रंजन कपूर ने अपने एक्सपीरिएंस को शेयर करते हुए बताया कि एग फ्रीजिंग कराने के बाद पेट में लगातार हैवीनेस और ब्लोटिंग फील होती है. ऐसा लगभग 2-3 दिन तक फील हुआ, हालांकि ये पीरियड पेन जैसा नहीं था, लेकिन मुझे अनकंफर्टेबल लग रहा था और मैं कई दिन तक ठीक से खड़ी भी नहीं हो पाई थी.
क्या कहते हैं एक्सपर्ट?
एग फ्रीजिंग जैसे हाईटेक मेडिकल फेसिलिटी को लेकर ऑनली माई हेल्थ की एक रिपोर्ट में डॉ. आभा मजूमदार बताती हैं कि ये बात सच है कि पेट में भारीपन, ब्लोटिंग और गुब्बारे जैसा फील होता है, लेकिन ऐसा हार्मोनल इंजेक्शन की वजह से होता है, जो ओवरीज में एग प्रोडक्शन बढ़ाने के लिए लगाए जाते हैं.
हर महिला में ये इंजेक्शन अलग-अलग तरीके से रिएक्ट करते हैं. कुछ में ब्लोटिंग, मूड स्विंग्स, थकान और कुछ महिलाओं को हल्का दर्द महसूस होता है, लेकिन ये सारे लक्षण कुछ ही दिन रहते है. एग रिट्रीवल होते ही सब कुछ सामान्य हो जाता है.
कितना सक्सेसफुल है एग फ्रीजिंग?
न्यूज 18 की रिपोर्ट में डॉ. मन्नान गुप्ता बताते हैं कि एग फ्रीजिंग, जिसे ऊसाइट क्रायोप्रिजर्वेशन भी कहते हैं वो महिलाओं को प्रोफेशनल गोल्स पर फोकस करने में काफी हेल्प करता है. ये इतनी आसान प्रोसेस नहीं है. इसमें डिस्कंफर्ट के साथ कुछ असहज लक्षण देखने को मिल सकते हैं. इस प्रक्रिया के लिए महिलाओं को शारिरिक और मानसिक रूप से तैयार होना जरूरी है.
इसके बावजूद, क्रायोप्रिजर्वेशन या एग फ्रीजिंग से फ्यूचर में प्रेग्नेंसी की गारंटी नहीं होती. क्योंकि सक्सेसफुल प्रेग्नेंसी के लिए महिला की एज, फ्रीजिंग एग की क्वालिटी, हार्मेल चेंजेस और फर्टिलिटी से जुड़ी हेल्थ कंडीशन और तमाम फैक्टर्स इनवॉल्व होते है. सक्सेसफुल प्रेग्नेंसी के रिजल्ट पर नजर डालें तो ज्यादा उम्र वाली महिलाओं की तुलना में कम उम्र में एग फ्रीज कराने वाली महिलाओं के फर्टिलाइजेशन से लेकर हेल्दी बेबी तक के बेहतर रिजल्ट मिले हैं.
Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियों का हम यह दावा नहीं करते कि ये जानकारी पूर्णतया सत्य एवं सटीक है. पाठकों से अनुरोध है कि इस लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें. inkhabar इसकी सत्यता का दावा नहीं करता है.