Kitni Baar Pita Ban Sakta hai ek Aadmi: क्या आपने कभी सोचा है कि एक आदमी कितनी बार पिता बन सकता है. दरअसल, महाभारत में कहा गया है कि, धृतराष्ट्र के 101 बेटे थे. गांधारी से उन्हें 100 बेटे और एक बेटी हुई थी. बता दें कि 101वें बेटे का नाम युयुत्सु था, जो गांधारी की एक दासी से पैदा हुआ था. जानकारी के मुताबिक गांधारी ने 100 बेटों (कौरवों) और एक बेटी (दुशाला) को जन्म दिया. महर्षि वेद व्यास के आशीर्वाद से, गांधारी के गर्भ से निकले मांस के लोथड़े को 101 टुकड़ों में बांटा गया और घी से भरे घड़ों में रखा गया. जब गांधारी का गर्भ लंबे समय तक आगे नहीं बढ़ा और कुंती ने युधिष्ठिर को जन्म दिया, तो धृतराष्ट्र अपने वंश को लेकर फिक्रमंद हो गए. जिसके बाद धृतराष्ट्र ने एक वैश्य दासी के साथ संबंध बनाया, जिससे युयुत्सु का जन्म हुआ.
800 बच्चों वाला पिता
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि, ABP की एक रिपोर्ट के अनुसार, ऐतिहासिक और आधिकारिक रिकॉर्ड बताते हैं कि मोरक्को के सुल्तान मौले इस्माइल के 800 से ज़्यादा बच्चे थे. वहीं, एक ही महिला से सबसे ज़्यादा बच्चे पैदा होने का रिकॉर्ड रूस की वेलेंटीना वासिलीव के नाम है, जिनके 69 बच्चे थे. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पुरुष जैविक रूप से प्यूबर्टी शुरू होने के बाद पिता बन सकते हैं, जो आमतौर पर 13-15 साल की उम्र में शुरू होती है.
कितनी बार पिता बन सकता है एक आदमी ?
वहीं अब सवाल उठता है कि क्या आज एक पिता के इतने बच्चे हो सकते हैं. बता दें कि एक आदमी विज्ञान ने बहुत तरक्की कर ली है अब हम स्पर्म को सुरक्षित रख सकते हैं और सरोगेसी का इस्तेमाल कर सकते हैं. वैज्ञानिक तरीकों को अलग रखकर, आइए साधारण गणित से समझते हैं कि एक पुरुष अपनी ज़िंदगी में कितनी बार पिता बन सकता है. यह काफी हद तक पुरुष की उम्र पर निर्भर करता है. जैविक रूप से, पुरुष के पिता बनने की कोई सीमा या उम्र नहीं होती. क्योंकि प्यूबर्टी (यौवन) शुरू होने के बाद वो पिता बन सकता है. लेकिन, भारतीय कानून के तहत पुरुषों के लिए शादी की कानूनी उम्र 21 साल है, फिर भी कम उम्र में पिता बनने वाले पुरुषों के कई उदाहरण मौजूद हैं.