Home > शिक्षा > NEET Success Story: नीट में पूरे 720 अंक, 18वें जन्मदिन पर मिला सबसे बड़ा तोहफा, अब यहां से कर रही हैं MBBS

NEET Success Story: नीट में पूरे 720 अंक, 18वें जन्मदिन पर मिला सबसे बड़ा तोहफा, अब यहां से कर रही हैं MBBS

NEET Success Story: सही रणनीति, लगातार अभ्यास और कमजोर विषय पर अतिरिक्त मेहनत किसी भी बड़े लक्ष्य को हासिल करने में अहम भूमिका निभा सकती है.

By: Munna Verma | Published: August 30, 2026 11:44:47 AM IST



NEET Topper Success Story: कुछ उपलब्धियां ऐसी होती हैं, जिन्हें जिंदगी भर याद रखा जाता है. पनवेल की रहने वाली कार्तिका नायर (Kartika Nair) के लिए इस साल का जन्मदिन शायद ऐसा ही यादगार बन गया. रविवार को 18 साल की हुईं नायर ने NEET UG 2021 में 720 में से पूरे 720 अंक हासिल कर देश में संयुक्त रूप से टॉप स्थान प्राप्त किया. परफेक्ट स्कोर हासिल करना उनका सपना जरूर था, लेकिन खुद कार्तिका को भी इसकी पूरी उम्मीद नहीं थी. परीक्षा परिणाम सामने आने के बाद उनकी मेहनत ने उन्हें देश के सबसे चर्चित NEET उम्मीदवारों में शामिल कर दिया है.

कार्तिका पनवेल के DAV Public School की छात्रा रही हैं. NEET में बराबर अंक हासिल करने वाले उम्मीदवारों की रैंकिंग के नियमों के कारण काउंसलिंग प्रक्रिया में उन्हें तीसरे रैंक वाले उम्मीदवार के रूप में माना जाएगा. महाराष्ट्र के लिए भी इस बार परिणाम खास रहा. कार्तिका के अलावा हृदय मोहिते और वैष्णवी सारडा ने भी राष्ट्रीय स्तर पर टॉप 20 में जगह बनाई थी.

नीट यूजी 2021 में 15.4 लाख उम्मीदवारों ने परीक्षा दी थी. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने National Testing Agency (NTA) को परिणाम घोषित करने की अनुमति दी थी. इस साल परीक्षा में करीब 15.4 लाख उम्मीदवार शामिल हुए थे, जिनमें से लगभग 8.7 लाख अभ्यर्थी राष्ट्रीय स्तर पर क्वालिफाई करने में सफल रहे थे.

AIIMS दिल्ली से कर रही हैं पढ़ाई कार्तिका

देश की टॉपर बनने के बाद भी कार्तिका का लक्ष्य काफी स्पष्ट था. वह AIIMS दिल्ली में दाखिला लेकर अभी वह मेडिकल की पढ़ाई कर रही है. लिंक्डइन प्रोफाइल के अनुसार वह अभी MBBS के फाइनल ईयर की पढ़ाई पूरी करने वाली हैं. उनके अनुसार यह देश के बेहतरीन मेडिकल संस्थानों में से एक है. कार्तिका की खास दिलचस्पी Oncology में थी, हालांकि वह मेडिकल की पढ़ाई के दौरान दूसरे क्षेत्रों को भी समझना चाहती थीं. उनके पिता एक निजी लॉजिस्टिक्स कंपनी में कार्यरत हैं, जबकि उनकी मां नवी मुंबई के एक कॉलेज में Computer Science की लेक्चरर हैं.

Physics थी चुनौती, NCERT पर रखा भरोसा

कार्तिका ने बताया था कि उन्हें हमेशा Physics अपेक्षाकृत कठिन विषय लगता था. इसलिए उन्होंने इस विषय पर अतिरिक्त मेहनत की. अपनी NEET तैयारी के दौरान उन्होंने NCERT किताबों को सबसे ज्यादा महत्व दिया. पिछले वर्षों के प्रश्न-पत्रों और नियमित Mock Tests ने भी उनकी तैयारी को मजबूत किया. कार्तिका को इस साल का NEET पेपर पिछले कुछ वर्षों की तुलना में कठिन लगा, लेकिन लगातार अभ्यास ने उन्हें दबाव में भी बेहतर प्रदर्शन करने में मदद की.

ये भी पढ़ें…

IOB Vacancy: 10वीं पास के साथ बोलते हैं ये लैंग्वेज, तो Bank में नौकरी पाने का मौका, नहीं देनी होगी लिखित परीक्षा
Federal Bank में बिना लिखित परीक्षा नौकरी पाने का मौका, बस चाहिए ये योग्यता, आवेदन करने की कल अंतिम तिथि

ऑनलाइन पढ़ाई को लेकर क्या बोलीं टॉपर?

महामारी के दौरान ऑनलाइन पढ़ाई के अनुभव पर कार्तिका का नजरिया सकारात्मक रहा. उन्होंने माना कि कुछ छात्रों को ऑनलाइन लेक्चर समझने में परेशानी हो सकती है, लेकिन शिक्षकों ने काफी सहयोग किया. उनके मुताबिक ऑनलाइन क्लास से स्कूल और कोचिंग तक आने-जाने में लगने वाला समय बचा, जिसे पढ़ाई में इस्तेमाल किया जा सका.

Advertisement