हांगझू. चीन के हांगझू शहर में जी 20 सम्मेलन के लिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की मुलाकात होने वाली है. इस सम्मेलन के ठीक पहले इन तीनों देशों के बीच साउथ चाइना सी को लेकर जो तनाव की स्थिति पैदा हो गई है उसके चलते यह सम्मेलन बेहद महत्वपूर्ण हो गया है.  
 
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अमेरिका जहां चीन द्वारा साउथ चाइना सी पर कब्जा करने के खिलाफ है तो वहीं भारत द्वारा अरुणाचल में ब्रम्होस की तैनाती की वजह से चीन नाराज है. इसके अलावा चीन भारत द्वारा वियतनाम को ब्रम्होस देने से भी नाराज है. वहीं भारत दक्षिण चीन सागर में चीन की सेना की तैनाती के खिलाफ है. 
 
इसके अलावा ऐसे कई कारण है जिनकी वजह से अमेरिका, चीन और भारत के बीच तनाव का माहौल बना हुआ है. इसी के चलते जी 20 सम्मेलन तीनों देशों के लिए काफी अहम है. तीनों देशों के राष्ट्राध्यक्ष नाराजगी के माहौल के बीच मिलने वाले हैं. यही मुख्य कारण है जिसकी वजह से पूरी दुनिया की नजर इस सम्मेलन पर टिकी हुई है.  
 
वियतनाम भी भारत और चीन के बीच नाराजगी का मुख्य कारण है. चीन विरोधी वियतनाम से भारत ने कई समझौते किए हैं. भारत की वियतनाम से नजदीकी की वजह से चीन नाखुश है. इसके अलावा अमेरिका और भारत की दोस्ती से भी चीन बेहद खफा है. बता दें कि बतौर प्रेसिडेंट ओबामा आखिरी बार मोदी से मिलेंगे.
 
जी 20 सम्मेलन से पहले के माहौल पर देखिए इंडिया न्यूज़ के एडिटर-इन-चीफ दीपक चौरसिया की Exclusive Report.

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