Gujarat Crime News: गुजरात के बनासकांठा जिले से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है, जहां एक गर्भवती महिला ने तीन भाइयों और उनके चाचा समेत चार लोगों पर बार-बार रेप करने के साथ ही जबरन धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाया है. महिला की शिकायत के आधार पर धानेरा थाने में 20 अगस्त को अख्तर राजाबशाह फकीर, उसके भाइयों -आरिफ राजाबशाह फकीर और इलियास राजाबशाह फकीर तथा उनके चाचा सलीमशाह जुमाशाह फकीर, के खिलाफ मामला दर्ज किया गया.
पुलिस निरीक्षक एस. डी. चौधरी ने कहा, “हमने आगे की जांच शुरू कर दी है. अभी तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है.” प्राथमिकी के मुताबिक, पांच महीने की गर्भवती महिला के साथ पिछले महीने कथित तौर पर बार-बार रेप और मारपीट की गई. महिला ने आरोप लगाया कि अख्तर अलग रह रहे उसके पति को जानता था और उसने यह कहकर उससे नजदीकी बढ़ाई कि उसके दादा उसकी स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के लिए ‘तांत्रिक’ उपचार कर सकते हैं.
जान से मारने और बेटियों को अगवा करने की दी धमकी
पुलिस के मुताबिक, महिला ने अप्रैल में पालनपुर पूर्व थाने में अख्तर और उसके रिश्तेदारों के खिलाफ पहली बार यौन उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया था. पुलिस के अनुसार इसके बाद अख्तर और दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था. महिला ने आरोप लगाया कि उस मामले में फरार अख्तर के भाइयों -आरिफ और इलियास- ने उसे जान से मारने और उसकी बेटियों को अगवा करने की धमकी दी. पुलिस के अनुसार, इसके बाद उसे समझौते के लिए गुजरात उच्च न्यायालय में हलफनामा दाखिल करने के लिए मजबूर होना पड़ा.
प्राथमिकी के मुताबिक, आरोपियों के 16 जून को जेल से रिहा होने के बाद महिला और अख्तर एक गांव चले गए. प्राथमिकी के मुताबिक, महिला को उम्मीद थी कि हालात सुधरेंगे और वे शांतिपूर्वक रह सकेंगे. हालांकि, महिला ने आरोप लगाया कि गर्भवती होने के बावजूद अख्तर उसके साथ लगातार रेप और मारपीट करता रहा. प्राथमिकी के मुताबिक, उसने उस पर फोन के जरिये दूसरे पुरुषों से संपर्क करने का भी दबाव बनाया.
निजी वीडियो का इस्तेमाल करके किया ब्लैकमेल
महिला के इनकार करने पर अख्तर और उसके रिश्तेदारों ने चोरी-छिपे बनाए गए उसके एक निजी वीडियो का इस्तेमाल करके उसे ब्लैकमेल किया और वीडियो को सोशल मीडिया पर प्रसारित करने की धमकी दी. प्राथमिकी के मुताबिक, महिला ने आरोप लगाया कि तीनों भाइयों और उनके चाचा ने भी उसके साथ बार-बार रेप किया.
पीड़िता ने चारों पर जबरन धर्म परिवर्तन कराने का भी आरोप लगाया. उसने दावा किया कि निकाह कराने के लिए एक स्थानीय मौलवी को बुलाया गया और समारोह के दौरान उसे नशीला पदार्थ मिला पेय पिलाया गया, इसके बाद उसका नाम बदलकर ‘फिजा’ कर दिया गया. उसने आरोप लगाया कि आरोपियों ने उसकी बेटियों को, जो अपने दादा-दादी के साथ रह रही थीं, वहां से लाकर उनका भी जबरन धर्म परिवर्तन कराने की धमकी दी.
मारपीट कर घर से बाहर निकाला
21 जुलाई को चारों आरोपियों ने कथित तौर पर महिला के साथ मारपीट की और उसे घर से बाहर निकाल दिया. प्राथमिकी के मुताबिक, उन्होंने उसकी या उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया. पुलिस ने बताया कि इसके बाद महिला ने एक दुकानदार से मदद मांगी और बाद में महिला हेल्पलाइन 181 से संपर्क किया.
पुलिस के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता के तहत रेप, आपराधिक धमकी और मारपीट के आरोपों तथा गुजरात धर्म की स्वतंत्रता अधिनियम के तहत एक मामला दर्ज किया गया है.