Odisha News: ओडिशा के कालाहांडी जिले से स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है. आरोप है कि भवानीपटना जिला मुख्यालय अस्पताल में डॉक्टरों ने 11 महीने के एक बच्चे को मृत घोषित कर दिया, लेकिन जब परिजन उसे घर ले जा रहे थे, तब बच्चे में सांस चलती देख सभी हैरान रह गए.
यह मामला कालाहांडी जिले के कोकसरा थाना क्षेत्र के तुनगांव गांव का बताया जा रहा है. जानकारी के अनुसार, संजय पटेल के 11 माह के बेटे की तबीयत बिगड़ने पर उसे इलाज के लिए भवानीपटना जिला मुख्यालय अस्पताल में भर्ती कराया गया था. इलाज के दौरान डॉक्टरों ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया और परिजनों को शव ले जाने के लिए कहा.
घर ले जाने के दौरान बच्चे की चल रही थी सांस
परिजनों का आरोप है कि जब वे बच्चे को घर ले जा रहे थे, तभी उन्होंने देखा कि बच्चे की सांस चल रही है और उसमें जीवन के लक्षण दिखाई दे रहे हैं. इसके बाद परिवार में हड़कंप मच गया और अस्पताल की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठने लगे.
बच्चे की मां लक्ष्मी पटेल और पिता संजय पटेल ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने बिना पूरी तरह पुष्टि किए उनके बच्चे को मृत घोषित कर दिया. उनका कहना है कि यह गंभीर चिकित्सकीय लापरवाही का मामला है.
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर लोगों में नाराजगी
घटना के बाद जिला अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर लोगों में नाराजगी देखी जा रही है. हालांकि, अस्पताल प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है.
फिलहाल, यह आरोप परिजनों द्वारा लगाए गए हैं. मामले की आधिकारिक जांच और अस्पताल प्रशासन की प्रतिक्रिया के बाद ही घटना की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी. फिलहाल यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है.
(ओडिशा से अक्षय महाराणा की रिपोर्ट)