संयुक्त राष्ट्र. सीरियाई युद्ध में रूस के दखल के बाद मॉस्को और अमेरिकी सुरक्षा बलों के बीच किसी भी टकराव की आशंका को रोकने के मद्देनजर दोनों देश आपात सैन्य वार्ता बुलाने पर सहमत हो गए हैं.

वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारियों ने रूसी युद्ध विमानों की तरफ से सैन्य कार्रवाई शुरू करने पर चिंता जताई है. 1979 तक अफगानिस्तान पर सोवियत संघ के कब्जे के बाद पूर्व सोवियत संघ के बाहर के क्षेत्र में रूस की तरफ से किया गया ये पहला हमला है.

अमेरिकियों ने रूस पर आरोप लगाया है कि उसने इस्लामिक स्टेट समूह पर हमले की आड़ में बशर अल असद के शासन का मुकाबला करने वाले उदारवादी धड़े के बागियों पर हमला किया है. उन्होंने शिकायत की है कि अमेरिका नीत गठबंधन ने पहले से ही जिहादियों के खिलाफ हवाई युद्ध छेड़ रखा है और बमबारी शुरू होने से महज एक घंटा पहले बगदाद में रूसी जनरल ने उन्हें इसकी सूचना दी.

वाशिंगटन और संयुक्त राष्ट्र में तीखे सार्वजनिक बयान के बाद अमेरिकी विदेश मंत्री जॉन केरी और रूसी समकक्ष सरगेई लावरोव ने इस विवाद पर विकट परिस्थिति में आत्मविश्वास से काम किया. न्यूयार्क में कल संयुक्त राष्ट्र महासभा से इतर मुलाकात के दौरान दोनों ने कहा कि वे सैन्य कार्रवाई की समाप्ति पर बातचीत करेंगे और सीरियाई राजनीतिक शांति प्रक्रिया को फिर से शुरू करने के प्रस्ताव की रूपरेखा तैयार करेंगे.