मिना. हज की रिपोर्टिंग कर रहे और मिस्र के वरिष्ठ पत्रकार जमील रदवान ने पश्चिम मीडिया की उन रिपोर्टों को खारिज कर दिया है जिनमें मिना में 717 लोगों की मौत का कारण किंग सलमान के वीआईपी दौरे को चलते दो सड़कों की एंट्री बंद करना बताया गया था . मिना में हज को कवर कर रहे जमील ने कहा है कि इस बात में कोई सच्चाई नहीं है कि मिना में कोई भी वीआईपी मूवमेंट था.
 
 
अरब न्यूज में छपी खबर के मुताबिक जमील ने कहा की जहां भगदड़ मचने वाली गली नंबर 2 और किंग सलमान का स्थान से काफी दूर है और दोनों ही छोर अलग हैं इन दोनों में कोई संबंध नहीं है. इससे पहले टेलीग्राफ के जर्नलिस्ट कोलिन फ्रीमैन ने अपनी एक स्टोरी में दावा किया था कि हादसे का कारण वीआईपी दौरे की वजह से पुलिस द्वारा दो सड़कों का एंट्री गेट बंद करना था. जिसके लिए कोलिन की सोशल मीडिया पर काफी आलोचना हुई थी. 
 
वहीं ब्रिटेन में सऊदी अरब के राजदूत प्रिंस मोहम्मद बिन नवाफ ने भी दोहाराया है कि हादसे की वजह वीआईपी दौरे की अफवाह ईरानी कंट्रोल वाले मीडिया हाऊस से आई है. उन्होंने कहा कि सऊदी गणमान्य व्यक्तियों के वाहन इस क्षेत्र में यात्रा नहीं करते हैं. उन्होंने कहा कि इससे पहले भी यह अफवाह उड़ाई गई थी कि सऊदी जर्मनी में 200 मस्जिद बना रहा है.
 
 
 
उन्होंने कहा की ब्रिटीश मीडिया का बिना फैक्ट चैक किए इस तरह की खबर करना दुर्भाग्यपूर्ण है. ब्रिटीश पत्रकार ने भी कहा है कि वैस्ट मीडिया को हज की भौगौलिक स्थिति की जानकारी नहीं है और वह हमेशा रिपोर्टिंग करते हुए गलती कर बैठते हैं.