दोहा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कतर के अमीर तमीम बिन हमाद अल थानी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल स्तरीय वार्ता के बाद दोनों देशों के बीच रविवार को निवेश और पर्यटन को बढ़ावा देने सहित सात समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए. भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने ट्वीट कर कहा, “कौशल विकास से लेकर स्वास्थ्य और पर्यटन क्षेत्र तक में निवेश संबंधी समझौतों से भारत, कतर के संबंध मजबूत हुए हैं.” 

 
भारत के राष्ट्रीय निवेश एंड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड (एनआईआईएफ) में कतर के निवेश करने से संबंधित एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर दस्तखत किए गए. केंद्र सरकार ने भारत में बुनियादी ढांचागत परियोजनाओं के विस्तार के लिए 40,000 करोड़ रुपये की लागत से एनआईआईएफ की बीते साल स्थापना की थी. कौशल विकास और योग्यताओं की मान्यता के लिए भारत के कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्रालय और कतर के नेशनल क्वालिफिकेशन अथॉरिटी/सुप्रीम एजुकेशनल काउंसिल के बीच एक अन्य एमओयू पर हस्ताक्षर हुए.

 
दोनों देशों के बीच पर्यटन में सहयोग के लिए तीसरे एमओयू पर हस्ताक्षर हुए. दोनों देशों के बीच स्वास्थ्य क्षेत्र में सहयोग के लिए एमओयू पर दस्तखत किए गए. वित्त इंटेलिजेंस यूनिट इंडिया (एफआईयू-आईएनडी) और कतर फाइनेंशियल इंफार्मेशन यूनिट (क्यूएफआईयू) के बीच सहयोग के लिए भी करार हुआ. सीमाशुल्क मामलों में आपसी सहयोग के लिए भी समझौता हुआ. दोनों देशों के बीच युवा और खेलकूद मामलों में सहयोग के लिए भी एमओयू पर दस्तखत किए गए.