नई दिल्ली. आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) ने मुस्लिम धर्मगुरुओं के नाम एक नया फरमान सुनाया है. आईएस के नए फरमान में उन मुस्लिम धर्मगुरुओं की हत्या करने का आदेश दिया गया है, जो उसकी विचारधारा से सहमति नहीं रखते हैं. आईएस ने ऐसे मुस्लिम धर्मगुरुओं को काफिरों के इमाम का नाम दिया है.
 
बता दें कि आतंकी संगठन ने ऐसे धर्मगुरुओं की एक लिस्ट जारी करते हुए अपने समर्थकों से इनकी हत्या करने की बात कही है. ऐसे धर्मगुरुओं की लिस्ट एक मैगजीन में जारी की गई है. ब्रिटेन, भारत समेत दुनिया भर के तमाम मुल्कों के मौलवी और मुस्लिम धर्मगुरु इस आतंकी संगठन की आलोचन करते हुए इसे इस्लाम के खिलाफ बता चुके हैं. 
 
मुसलमानों को उकसाने की कोशिश
सुत्रों से मिली जानकारी के अनुसार इस मैगजीन में एक खास चैप्टर शामिल किया गया है. इसका नाम पश्चिम में काफिर के इमाम की हत्या करो रखा गया है. इसमें आईएस ने मुसलमानों को उकसाते हुए लिखा है कि कोई सच्चा मुसलमान कैसे इन काफिरों के इमाम को जहर फैलाते हुए देख सकता है. 
 
इसके इसमें मुसलमानों से अपील की गई है कि जो दार-उल-इस्लाम के रास्ते पर चुका है, मुजाहिद बन चुका है, वह जिहाद के लिए उपलब्ध संसाधनों (छूरा, बंदूक, बारूद या कुछ और) की मदद से काफिरों और काफिरों के इमाम करे. 
 
बता दें कि अभी तक यह साफ नहीं है कि इस सूची में भारतीय धर्मगुरुओं का भी नाम है या नहीं.