मेलबर्न. पेरिस में हुए जलवायु सम्मेलन में भारत की भूमिका पर आस्ट्रेलिया के एक अखबार ने विवादास्पद कॉर्टून छापा है. इस कॉर्टून में पगड़ी और धोती पहने दुबले-पतले भारतीयों को यूएन(संयुक्त राष्ट्र) द्वारा दिए गए सोलर पैनल्स के साथ दिखाया गया है, जिसे वे टुकड़े-टुकड़े कर फेंकते नजर आ रहे हैं.
 
कार्टून के जरिए यह संदेश दिया जा रहा है कि भारतीय सोलर पैनल को किसी काम का नहीं मान रहे क्योंकि उन्हें खाया नहीं जा सकता. वहीं दूसरे कॉर्टून में  भारतीयों की भूख का मजाक उड़ाते हुए एक बूढ़े व्यक्ति को सोलर लैंप को आम की चटनी के साथ खाना खाते हुए दिखाया गया है. इस कार्टून का दुनिया के अन्य देशों के साथ-साथ ऑस्ट्रेलिया में भी व्यापक विरोध हुआ है.
 
 
यह पहला मामला नहीं है जब किसी समाचार प्रकाशन संस्था ने जलवायु परिवर्तन समझौतों को दर्शाने के लिए भारत का मजाक उड़ाया हो. इससे पहले अमेरिकी अखबार न्ययॉर्क टाइम्स ने भी पिछले सप्ताह ही एक ऐसा ही कार्टून प्रकाशित किया था. अमेरिका के इस मशहूर अखबार में छपे कार्टून में भारत को एक हाथी के रूप में चित्रित किया गया जो जलवायु परिवर्तन समझौतों की प्रतीक एक ट्रेन को रोक रहा है.
 
 
बता दें कि भारत ने हाल ही में पेरिस में परवान चढ़े जलवायु समझौते को लेकर कड़ा रुख अख्तियार किया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सार्वजनिक तौर पर कहा कि लंबे समय से कार्बन उत्सर्जित करने के लिए वित्तीय बोझ का बड़ा हिस्सा विकसित देशों पर नहीं डालना नैतिक रूप से गलत होगा.