नई दिल्ली. क्या तीन बार तलाक बोल देना किसी महिला पर ज़ुल्म नहीं है? मुस्लिम समाज में तीन तलाक का मामला अब सुप्रीम कोर्ट में है. मुस्लिम महिला पर्सनल लॉ बोर्ड की अध्यक्ष शाइस्ता अंबर का कहना है कि तीन तलाक गैर इस्लामिक है.
 
क्या वाकई तीन तलाक इस्लाम के खिलाफ है? क्या महिलाओं को बराबरी का हक नहीं देना चाहते कुछ कट्टरपंथी मौलाना?
इंडिया न्यूज के खास शो बड़ी बहस में आज इन्हीं सवालों पर पेश है चर्चा.
 
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