नई दिल्ली. एक तरफ पूरे देश में असहिष्णुता को लेकर बहस जारी है तो उधर शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती ने भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित कर देने की वकालत की है. VHP नेताओं की भाषा बोलते हुए शंकराचार्य ने कहा कि देश में जो हालात बन रहे हैं, उसे देखते हुए अब जरूरी है कि हिंदुस्तान को हिंदू राष्ट्र घोषित कर देना चाहिए. 
 
मुस्लिम देशों में भी रहते हैं हिंदू
शंकराचार्य का तर्क है कि विश्व में कई मुस्लिम राष्ट्र हैं, जहां हिंदू भी रहते हैं. वे भी मुस्लिम राष्ट्र का विरोध नहीं करते हैं. हिंदुस्तान में इसे लेकर इतना हल्ला क्यों हो रहा है. शंकराचार्य ने कहा कि वाराणसी में संतों पर हुए लाठीचार्ज से देश के साधू संतों में रोष है. यह एक बहुत ही निंदनीय घटना थी, जो प्रदेश सरकार के तुष्टिकरण नीति के मानसिकता को दर्शाता है. ऐसे में अब जरूरी है कि भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित कर दिया जाना चाहिए. इससे सभी का कल्याण होगा.
 
 
गाय मारने वालों को मिले कठोर सजा
देश में मचे गौ मांस के मुद्दे पर शंकराचार्य ने कहा कि गाय हमारी माता है. सभी इनको पूजते हैं. हिंदू धर्म में गौ माता का स्थान सबसे ऊपर है और यही हमारी सभ्यता और संस्कृति है. ऐसे में भारत देश में गोवध पर पूरी तरह से रोक लगना चाहिए. जो लोग गोवध करें, उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई करनी चाहिए. गौ हत्या रोकन के लिए सबसे पहले साधू संतों को आगे आना चाहिए. इसके बाद ही इस पर रोक लग पाएगी. गौरतलब है कि इससे पहले विश्व हिंदू परिषद के नेताओं द्वारा राष्ट्र को हिंदू राष्ट्र घोषित करने की बात कही गई थी. अब ताजा मामले में शंकराचार्य ने इसे हिंदू राष्ट्र बनाने की वकालत की है.