नई दिल्ली. फेसबुक ने अपने नए फीचर ‘वर्कप्लेस’ को लॉन्च कर दिया है. इस ऐप को लॉन्च करने के पीछे फेसबुक का मकसद है कि कामकाजी जगहों पर भी फेसबुक का इस्तेमाल बढे. 
 
फेसबुक की यह ऐप ऑफिशियल कम्युनिकेशन के लिए इस्तेमाल होगी. जिसके लिए अभी तक ईमेल का इस्तेमाल होता रहा है. ऐसे में जानकार इसे अभी से   ईमेल के भविष्य के लिए खतरा मान रहे हैं.  ऑफिशियल लॉन्च से पहले फेसबुक ने यह ऐप 18 महीने पहले पायलट प्रॉजेक्ट के तौर पर लॉन्च की थी. तब से इसका इस्तेमाल स्टारबक्स से डेनॉन तक में हो रहा हैं.
 
इतना ही नहीं यस बैंक, गोदरेज आदि भी इसका इस्तेमाल कर रहे हैं. बता दें कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत ही भारत में वर्कप्लेस को 16 करोड़ यूजर मिल गए थे. इस बात की जानकारी खुद एशिया पैसिफिक हेड रमेश गोपालकृष्ण ने दी. उन्होंने बताया कि ‘फेसबुक एक आसान ऐप है और इसको इस्तेमाल करने के लिए किसी ट्रेनिंग की जरुरत नहीं है.’
 
इसे 1,000 कम्पनियां अपना चुकी हैं. भारत के बाद नॉर्वे, अमेरिका, ब्रिटेन और फ्रांस में इसके सबसे ज्यादा यूज़र्स हैं. अब हर कम्पनी इसका इस्तेमाल कर सकती है और एक हज़ार यूज़र्स के लिए प्रति यूजर 3$ हर महीने खर्चने होंगे, 10 हज़ार यूज़र्स के लिए प्रति यूजर 1$ खर्च करना होगा. 
 
फेसबुक की माने तो ‘वर्कप्लेस फेसबुक अकाउंट जैसा ही है. इसमें लाइव, रिऐक्शन, सर्च और ट्रेंडिंग पोस्ट जैसे फीचर्स हैं. इसके जरिए आप अपने ऑफिस के  साथियों से दुनियाभर में कही भी रियल टाइम में चैट कर सकेंगे.