श्रीनगर. कट्टरपंथी हुर्रियत नेता सैयद अली गिलानी समेत पांच अलगाववादी नेताओं को नजरबंद किया गया है. इन पांच अलगाववादी नेताओं में मसर्रत आलम के शामिल है. सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री मुफ्ति मोहम्मद सईद ने इस बारे में गृह मंत्रालय को सूचित कर दिया है. ऐसा माना जा रहा है कि मुफ्ती सरकार पर केंद्र और अलगाववादियों दोनों तरफ से मिलने वाले दबाव को देखते हुए उन्होंने बीच का रास्ता निकाला है. 

श्रीनगर में गिलानी की रैली में अलगाववादी नेता मसर्रत आलम द्वारा पाकिस्तानी झंडा लहराने और ‘पाकिस्तान मेरी जान’ के नारे लगाने के आरोप है. बता दें कि इस मामले में स्वयं गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री से बात की थी और मसरत के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा था. इससे पहले मसर्रत आलम ने कल की घटना पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हमने कुछ गलत नहीं किया. हमने कोई गैर कानूनी काम नहीं किया है. हकीकत है कि यह लोगों के जज्बात हैं, जो बाहर आ जाते हैं. बता दें पाकिस्तानी झंडा लहराने सहित भडकाऊ गतिविधियों के लिए हुर्रियत नेता सैयद अली शाह गिलानी और हाल ही में जेल से रिहा हुए मसर्रत आलम सहित कई अलगाववादी नेताओं के खिलाफ कल रात एक प्राथमिकी दर्ज की गई.