लखनऊ. लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बिहार में नीतीश कुमार की जीत के बाद चर्चित हुए प्रशांत किशोर अब यूपी में कांग्रेस के साथ काम कर सकते हैं. सूत्रों के मुताबिक प्रशांत किशोर से 2017 के यूपी विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस से बातचीत चल रही है. कुछ दिन पहले ही दिल्ली में कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मिलने की चर्चा के बाद अब वे कांग्रेस के लिए अहम जिम्मेदारी उठा सकते हैं.
 
 
किशोर के एक करीबी की माने तो अगर किशोर यूपी में कांग्रेस के साथ काम करते हैं तो यह पीएम मोदी और अमित शाह के लिए एक बड़ी चुनौती होगी. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने बताया कि यूपी में अगर पार्टी का प्रदर्शन शानदार रहा तो कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ेगा.
 
 
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यूपी में कांग्रेस सबसे कमजोर खिलाड़ी है. ऐसे मे किशोर के सामने 2012 के गुजरात चुनाव में मोदी की जीत और 2014 के लोकसभा चुनाव या 2015 के नीतीश के प्रचार से बड़ी चुनौती यूपी में होगी.