नई दिल्ली. सरकार ने धान, दलहन, तिलहन सहित अन्य खरीफ फसलों (2015-16) के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की घोषणा कर दी है. कॉमन धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) में जहां 50 रुपए, वहीं बोनस समेत दलहन की एमएसपी 275 रुपए प्रति क्विंटल तक बढ़ गई है. हालांकि दलहन की सरकारी खरीद की व्यवस्था नहीं होने के कारण इस घोषणा पर ही सवाल खड़े हो रहे हैं.वहीं सरकार द्वारा बोनस का भुगतान किस तरह किया जाएगा, इसको लेकर भी असमंजस की स्थिति है.

50 रुपए बढ़ी धान की एमएसपी
इसके तहत कॉमन धान का एमएसपी 50 रुपए बढ़कर 1410 रुपए प्रति क्विंटल हो गया है. पिछले साल धान का एमएसपी 1360 रुपए प्रति क्विंटल था. वहीं ग्रेड ए का एमएसपी बढ़कर 1450 रुपए प्रति क्विंटल पहुंच गया है. आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) की बुधवार को हुई बैठक में खरीफ फसलों के एमएसपी बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी.

दलहन की एमएसपी में 275 रुपए का इजाफा
सरकार ने दलहन की एमएसपी में भी बढ़ोत्तरी की है. कृषि लागत एवं मूल्‍य आयोग (सीएसीपी) की सिफारिशों को ध्‍यान में रखते हुए सरकार ने मूंग की एमएसपी 250 रुपए बढ़ाकर 4,850 रुपए प्रति क्विंटल कर दिया है. वहीं उड़द और अरहर की एमएसपी में 275 रुपए की बढ़ोत्तरी की है, जिसमें बोनस भी शामिल है. बढ़ोत्तरी के बाद उड़द और अरहर की एमएसपी 4350 रुपए प्रति क्विंटल हो गया है. घरेलू उत्पादन को बढ़ाने और इंपोर्ट को कम करने के लिए समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी की है.

अन्य खरीफ फसलों की भी बढ़ी एमएसपी
केंद्र सरकार ने कपास, ज्वार, बाजरा, रागी, तिल, सूरजमुखी बीज और मक्के के न्यूनतम समर्थन मूल्य को भी बढ़ाया है. धान खरीफ सीजन की मुख्य फसल है. इस साल देश में अब तक धान की बुआई 4.2 फीसदी बढ़कर 4.71 लाख हेक्टेयर पहुंच गई है. पिछले साल 4.52 लाख हेक्टेयर में किसानों ने धान लगाया था. कृषि मंत्रालय के तीसरे अनुमान के मुताबिक 2014-15 के दौरान चावल का उत्पादन 10.25 करोड़ टन रह सकता है. जबकि इससे पिछले साल 10.66 करोड़ टन उत्पादन हुआ था.