न्यूयॉर्क. कश्मीर में हिमालय के पहाड़ों के भूगर्भिक मानचित्रण से इस बात का खुलासा हुआ है कि इस क्षेत्र में रिक्टर पैमाने पर आठ या उससे अधिक की तीव्रता का भूकंप आ सकता है, जिससे जानमाल की भारी क्षति हो सकती है. एक नए अध्ययन में यह बात सामने आई है. वैज्ञानिकों को कश्मीर में रिआसी फाल्ट के बारे में पता है, हालांकि दूसरे फाल्ट की तुलना में इसे अधिक खतरनाक नहीं माना जाता था. 
 
बागलकोट-बाग फाल्ट पर साल 2005 में 7.6 तीव्रता के भूकंप के बाद शोधकर्ताओं ने अन्य फाल्ट प्रणालियों का अध्ययन शुरू किया. उन्होंने इसमें पाया है कि रिआसी फाल्ट कुछ समय से दबाव का निर्माण कर रहा है, जिससे पता चलता है कि जब यह ऊर्जा मुक्त करेगा, तो लगभग आठ या उससे अधिक तीव्रता का भूकंप आ सकता है. 
 
अमेरिका के ऑरेगन स्टेट यूनिवर्सिटी में शोध छात्र के रूप में काफी अध्ययन कर चुके यान गाविलोत ने कहा, “हमें यह पता करने की जरूरत है कि बीते लाखों सालों में फाल्ट में कितनी गति हुई है और फाल्ट के विभिन्न टुकड़ों में कितनी गति हुई है.”
 
गाविलोत ने कहा, “अध्ययन के दौरान हमने पाया कि कश्मीर में रिआसी फाल्ट सक्रिय मुख्य फाल्टों में से एक है, लेकिन हालिया भूगर्भिक रिकॉर्ड के मुताबिक, ज्यादा भूकंप नहीं आया.” उन्होंने कहा, “फाल्ट लंबे समय से फिसला नहीं है, जिसका मतलब एक बड़े भूकंप की अधिक संभावना बनती है. यह वह सवाल नहीं है कि ऐसा होने जा रहा है, बल्कि सवाल यह है कि यह कब होगा.”