नई दिल्ली. डिजिटल मार्केटिंग और सोशल सेलिंग के ग्लोबल एक्सपर्ट अपूर्व चमारिया का कहना है कि अगर 2015 स्टार्ट-अप्स के लिए सब कुछ डिस्काउंट पर बेचने के नाम रहा तो 2016 ऐसे कई स्टार्ट-अप्स के खुद डिस्काउंट पर बिक जाने का साल साबित होगा.
आईटी की दिग्गज कंपनी एचसीएल के वाइस प्रेसिडेंट अपूर्व इस समय कंपनी के ग्लोबल ब्रांड, डिजिटल, कंटेंट मार्केटिंग और मार्केटिंग कम्युनिकेशन्स को हेड कर रहे हैं. अपूर्व की कुछ दिन पहले सोशल सेलिंग पर एक किताब ‘You Are The Key’ आई थी जो एक समय अमैजन पर बेस्टसेलर्स में नंबर 2 पर चल रही थी.
 
पूंजी का अकाल दिख रहा है इसलिए बिकेंगे या विलय करेंगे स्टार्ट-अप्स
 
स्टार्ट-अप्स को लेकर इस तरह की आशंका पर अपूर्व का कहना है कि पूंजी खत्म हो रही है और आगे मंदी का लंबा दौर आता दिख रहा है. उन्होंने कहा कि सिक्वोया कैपिटल अकेली वेंचर कैपिटल कंपनी है जिसने हाल में बढ़िया पूंजी जुटाया है.
 
अपूर्व ने बताया कि जब पूंजी नहीं होगी तो कई स्टार्ट-अप्स खर्च और घाटे को कम करने के लिए या तो किसी और के हाथों बिक जाएंगे या फिर एक-दूसरे में खुद का विलय कर लेंगे ताकि मिलने के बाद बनी नई कंपनी चुनौतियों का मुकाबला कर सके.