श्रीनगर. जम्मू कश्मीर के पुलवामा जिले के त्राल इलाके में बुधवार को शुरू हुई सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ खत्म हो गई है. मुठभेड़ में सेना ने तीन आतंकियों को मार गिराया है. इस मुठभेड़ में पुलिस और सीआरपीएफ के जवान शामिल थे.
 
ऑपरेशन पूरा होने के संबंध में जानकारी पुलिस और सीआरपीएफ ने दी. फिलहाल इलाके में सर्च ऑपरेशन अभी भी जारी है.
 
हिजबुल मुजाहिदीन से अतंकियों का संबंध
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार सभी अतंकियों का संबंध हिजबुल मुजाहिदीन से बताए जा रहे हैं. अधिकारियों के अनुसार मारे गए आतंकियों की पहचान आशिक हुसैन भट्ट, मोहम्मद इसाक पैरे और आसिफ अहमद मीर के रूप में हुई है. अधिकारियों ने यह भी बताया कि भट्ट पिछले साल उधमपुर में बीएसएफ के काफिले पर बोले गए हमले में मौजूद आतंकियों को शरण उपलब्ध करवाने में शामिल था.
 
आतंकियों के छिकपे होने की मिली थी सूचना
रक्षा विभाग के मुताबिक डडसारा मीर मोहल्ला में सुरक्षा बलों को कुछ आतंकियों के छििपे होने की सूचना मिली थी. इसके बाद सेना की 42 राष्ट्रीय राइफल्स, सीआरपीएफ की 180, 185 बटालियन और जम्मू-कश्मीर पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप के जवानों ने इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू किया. इसी बीच आतंकियों की ओर से उनपर गोलीबारी शुरू कर दी गई. जवानों ने भी तुरंत मोर्चा संभालते हुए आतंकियों पर जबावी कार्रवाई की.
 
अंधेरे में भी चल रहा था ऑपरेशन
यह ऑपरेशन अंधेरे में भी चल रहा था. कई प्रकार कि दिक्कतों के चलते जवानों को सफलता ही हाथ लगी. अभी फिलहाल पूरे इलाकों कि घेरा बंदी कर रखी है. साथ ही और बाहरी लोगों की आवाजाही को रोक दी गई है.
 
पांपोर मुठभेड़ में 5 जवान हुए थे शहीद 
गौरतलब है कि इससे पहले  जम्मू कश्मीर के पुलवामा जिले के पांपोर में आतंकियों और सुरक्षाबलों के बीच मुठभेड़ में 2 कैप्टन समेत 5 जवान शहीद हुए थे.  वहीं इस हमले में सीआरपीएफ के 12 से ज्यादा जवान भी घायल हुए थे. शहीद हुए दोनों कैप्टन तुषार महाजन और कैप्टन पवन कुमार को उधमपुर में श्रद्धांजलि दी गई.