लखनऊ.  समाजवादी पार्टी के मुखिया मुलायम सिंह यादव के खिलाफ वारंट जारी करने वाले कुलपहाड़ महोबा के जज अंकित गोयल को सस्पेंड कर दिया गया है. जज अंकित गोयल को न्यायिक कार्यों में अविवेक के कारण सस्पेंड किया गया है. जज अंकित गोयल ने मुलायम सिंह के अलावा वित्त मंत्री अरुण जेटली के खिलाफ भी वारंट जारी किया था.

मुलायम के खिलाफ दर्ज किया था केस

मुलायम सिंह यादव के एक विवादित बयान के बाद जज अंकित गोयल ने उनके खिलाफ समन जारी कर दिया था. मुलायम को कोर्ट में पेश होने के लिए कहा गया था. मुलायम को 16 सितंबर को पेश होना था. हालांकि, सपा सुप्रीमो ने इस पर स्टे ले लिया था.

क्या कहा था मुलायम ने

अगस्त में मुलायम सिंह यादव ने कहा था कि रेप एक व्यक्ति करता है तो चार लोगों के खिलाफ क्यों केस दर्ज किया जाता है ? मुलायम ने यह भी कहा था कि एक लड़की के साथ चार लोग कभी रेप नहीं कर सकते हैं. इस

जेटली के खिलाफ भी दर्ज किया था केस

सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले पर टिप्पणी करने के मामले में फाइनेंस मिनिस्टर अरुण जेटली के खिलाफ जज अंकित गोयल ने समन जारी किया था.

क्या कहा था जेटली ने

सुप्रीम कोर्ट ने कुछ महीनों पहले जजों के अप्वाइमेंट से जुड़े कॉलेजियम सिस्टम को बरकरार रखा था और मोदी सरकार के बनाए एक कानून को खारिज कर दिया था. जेटली ने इस फैसले को ‘कुतर्क’ बताया था. इसी पर उनके खिलाफ एक सिविल जज ने कंटेम्प्ट ऑफ कोर्ट के केस के तहत समन जारी किया था.

2014 से कुलपहाड़ में हैं जज अंकित गोयल

जज अंकित गोयल जुलाई 2014 से महोबा के कुलपहाड़ में पोस्टेड हैं. इससे पहले वे बरेली, गौतमबुद्ध नगर और फर्रुखाबाद में रह चुके हैं. फर्रुखाबाद में वे सबसे ज्यादा वक्त तक रहे. अंकित मेरठ के रहने वाले हैं. 1978 में जन्मे अंकित गोयल ने ज्यूडिशियल सर्विस की शुरुआत 2009 में फर्रुखाबाद से की थी.