नोएडा. गणतंत्र दिवस के मौके पर झंडा फहराने को लेकर ग्रेटर नोएडा के एक स्कूल में उस वक्त तनाव का माहौल हो गया जब कुछ कट्टरपंथी लोगों ने स्कूल में झंडा फहराने का विरोध किया. उन लोगों ने आधुनिक शिक्षा जैसे हिंदी और अंग्रेजी पढ़ाने का सख्त विरोध करते हुए स्कूल प्रशासन को कड़ी चेतावनी भी दी. स्कूल प्रशासन ने माहौल को देखकर पुलिस को बुलाया तो कट्टरपंथियों ने पुलिस का भी विरोध करना शुरू कर दिया.
 
बता दें कि घटना दानकौर इलाके के सैय्यद भूरेशाह गर्ल्स स्कूल की है. मंगलवार को गणतंत्र दिवस के मौके पर झंडा फहराने की के लिए तैयारियां की जा रहीं थीं. इसी दौरान कुछ कट्टरपंथी वहां पहुंचे और तैयारियों में लगे लोगों को वहां से भगा दिया.
 
स्कूल में हिंदी और अंग्रजी पढ़ाए जाने का विरोध
विरोध कर धमकी देने वाले कट्टरपंथियों को जब पुलिस थाने में बुलाया तो उन्होंने पुलिस के सामने ही स्कूल में हिंदी और अंग्रेजी पढ़ाए जाने का विरोध शुरु कर दिया. जिसके बाद पुलिस ने लोगों को चेतावनी देते हुए कहा कि एगर वो झंडा फहराने का विरोध करेंगे तो उन्हें इसका गंभीर परिणाम भुगतना होगा.
 
पुलिस ने क्या कहा?
इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने कहा कि किसी को भी कानून हाथ में नहीं लेने दिया जाएगा. पुलिस ने ये भी कहा कि कुछ अनपढ़ लोगों ने स्कूल में ध्वजारोहण कार्यक्रम का विरोध किया है जिसकी जानकारी आला अधिकारियों को दे दी गई है. इसके अलावा समारोह के दौरान किसी भी तरह की घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल को बुला लिया गया है.
 
वक्फ बोर्ड की जमीन पर चल रहा है स्कूल
स्कूल के सचिव ने आदिल खान ने बताया कि स्कूल साल 2011 से चलाया जा रहा है जहां पांचवी तक की शिक्षा दी जाती है. इसके अलावा उन्होंने ये भी बताया कि पिछले कुछ दिनों से कुछ स्थानीय लोग स्कूल प्रशासन पर हिंदी और अंग्रेजी ना पढ़ाए जाने को लेकर दबाव बना रहे हैं.
 
स्कूल पर कट्टरपंथियों के खौफ का सायां
सचिव ने आदिल खान ने ये भी बताया कि पिछले कई दिनों स्कूल के हालात बद से बदतर होते जा रहे हैं. कई अध्यापकों ने तो इन कट्टरपंथियों के डर से स्कूल में आना छोड़ दिया है. जिसकी शिकायल उन्होंने मुख्यमंत्री, राज्यपाल से लेकर जिस्टिक जज तक को की है. इसके बावजूद भी ये लोग स्कूल आकर अध्यापकों को लगातार धमका रहे हैं.