जम्मू. नेशनल कॉन्फ्रेंस के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला ने अपने उस बयान पर यू-टर्न ले लिया है, जिसमें उन्होंने बीजेपी के साथ सरकार बनाने की बात कही थी.

फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि मैंने कभी नहीं कहा कि हम बीजेपी के साथ जा रहे हैं. मैंने कहा कि बीजेपी और पीडीपी को सरकार बनानी चाहिए क्योंकि वे चुने गए हैं. हमें जनता ने नहीं चुना इसलिए हम सरकार बनाने का निर्णय नहीं ले सकते.

जम्मू-कश्मीर में सरकार बनाने को लेकर शनिवार को फारूक अब्दुल्ला ने जम्मू में पत्रकारों से कहा कि अगर बीजेपी की तरफ से प्रस्ताव आता है तो नेशनल कॉन्फ्रेंस वर्किंग कमेटी की बैठक बुलाएगी और चर्चा करेगी, अगर इस तरह की परिस्थिति आती है तो नेशनल कॉन्फ्रेंस इस पर विचार करेगी. उन्होंने कहा था कि हमने दरवाजे बंद नहीं किए हैं. हमारे दरवाजे खुले हैं.

वहीं जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी इस ख़बर को गलत बताया है. उमर ने ट्वीट करते हुए लिखा है कि इसलिए मैं किसी काल्पनिक सवालों या स्थितियों के जवाब देना पसंद नहीं करता. जबरदस्ती तिल का ताड़ बना दिया जाता है.

उमर अब्दुल्ला ने ट्वीट कर कहा है कि मेरे पिता का दिया बयान स्पष्ट है. किसी नतीजे पर पहुंचने से पहले हमें बयान को गंभीरता से सुनना चाहिए. उन्होंने बस इतना कहा कि अगर बीजेपी की तरफ से कोई प्रस्ताव आता है तो वर्किंग कमेटी की मीटिंग बुलाकर चर्चा के बाद ही कोई अंतिम फैसला लिया जाएगा और यह सबसे माकूल बयान है, जिसकी अपेक्षा की जाती है. उन्होंने किसी तरह के समर्थन और गठबंधन की बात नहीं कही है और बयान में सिर्फ विचार और चर्चा की बात है.