जालंधर. दिल्ली में बढ़ते प्रदुषण को रोकने के लिए दिल्ली सरकार की सम-विषण योजना पर बोलते हुए पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने कहा है कि ये योजना पूरी तरह असफल साबित होगी.

जालंधर में लवली प्रोफेशनल युनिवर्सिटी में आयोजित ‘इंदिरा गांधी नेशनल मॉडल युनाइटेड नेशंस कांफ्रेंस’ में शिरकत करने आर्इं दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने कहा कि इस योजना से राजधानी की सड़कों पर लोगों के लिए परेशानियां बढ़ेंगी.

शीला ने कहा कि दिल्ली के मुख्यमंत्री की स्थिति इस योजना पर स्पष्ट नहीं है. वे कह रहे हैं कि 15 दिन तक वे इसे देखेंगे. इसका मतलब है कि उन्हें भी इस योजना के सफल होने पर संदेह है. मेरा मानना है कि इससे भ्रष्टाचार भी बढ़ेगा.
दिल्ली में 15 साल तक सरकार चला चुकीं शीला ने कहा कि इससे राजधानी की सड़कों पर और जाम लगेगा. इतना ही नहीं, बाहर से आने वाले कार चालकों को भी समस्या होगी. ऐसे लोग अपनी कार कहां पार्क करेंगे. इसके लिए वालंटियर्स की मदद ली जाएगी. वे कैसे इसे संभाल पाएंगे जिन्हें कोई प्रशिक्षण तक नहीं दिया गया है.

शीला ने आगे कहा कि अरविंद को प्रदूषण कम करने या रोकने के लिए एक बेहतर और समग्र योजना विचार-विमर्श के बाद लेकर आना चाहिए था, न कि आनन फानन में सिर्फ देखने के लिए योजना लागू करनी चाहिए थी.