लखनऊ. केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री संजीव बालियान ने इशारा किया है कि जल्द ही एग्रिकल्चर स्टडीज के सिलेबस में गायों के संरक्षण को भी शामिल किया जाएगा. उन्होंने अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया से बात करते हुए कहा, ”गायों के संरक्षण के देशज तरीकों और जैविक खाद के प्रयोग को ऐग्रिकल्चर स्टडीज के पाठ्यक्रम में शामिल किया जाएगा.”
 
लखनऊ में एक कार्यक्रम के दौरान कहा, ”गाय के मूत्र का चिकित्सा में कितना योगदान है ये हर कोई जानता है. गाय और गोवंश पर आधारित शिक्षा को भी बढ़ावा देने का काम होगा. बैल आधारित यंत्रों के विकास में भी सरकार ने काम शुरू कर दिया है.”
 
उन्होंने कहा कि वह पशु चिकित्सा के छात्र रहे हैं, लेकिन उन्हें कभी भी गायों के संरक्षण और कृषि में सुधार के लिए देशी तरीकों को अपनाने की बात नहीं सिखाई गई.
 
भारतीय गन्ना अनुसंधान संस्थान में उन्नत भारत अभियान के तहत आयोजित राष्ट्रीय कार्यशाला में प्राकृतिक खेती और गौ आधारित अर्थव्यवस्था पर लोगों को प्रेरित करने के उददेश्य से आए बालियान ने कहा कि जब तक केंद्र में बीजेपी की सरकार है, वह किसी को केमिकल एग्रीकल्चर से पैदा हुए अनाज रूपी जहर को नहीं खाने देंगे.