मुंबई. भारत के महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर ने गुरुवार को अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने वाले अपने पूर्व साथी जहीर खान को ऐसा गेंदबाज करार दिया है, जो अपनी चतुराई भरी गेंदबाजी से बल्लेबाजों को ‘बेबस’ कर देते थे. देश के सबसे सफल बाएं हाथ के सीमर जहीर ने गुरुवार को अपने संन्यास की घोषणा की. भारत के लिए 14 साल के करियर में 92 टेस्ट मैच खेरते हुए 311 टेस्ट विकेट लेने वाले जहीर हालांकि एक और सत्र तक इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में खेलना जारी रखेंगे.
 
सचिन ने लिखा कि वह सबसे शांत चित्त तेज गेंदबाजों में से एक हैं. वह कई मौकों पर बल्लेबाज को बेबस कर देते थे. वह हमेशा चुनौतियों के लिए तैयार रहते थे. मुझे यकीन है कि वह अपनी जिंदगी की नई पारी बेहतरीन तरीके से शुरू करेंगे. मैं जहीर को संन्यास के बाद के जीवन के लिए शुभकामनाएं देता हूं. जहीर ने भारत के लिए सभी फारमेट में 610 विकेट लिए हैं और वह इस मामले में भारत के चौथे सबसे सफल गेंदबाज हैं. वह टेस्ट मैचों में भारत के लिए दूसरे सबसे सफल तेज गेंदबाज हैं. 
 
चोट के कारण जहीर लम्बे समय से अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट नहीं खेल सके हैं. तीन साल पहले जहीर ने अपना अंतिम एकदिवसीय मैच खेला था. जहीर ने भारत के लिए 200 एकदिवसीयों में 282 विकेट लिए हैं. वह 17 टी-20 मैचों में भी देश के लिए खेले हैं.
 
जहीर ने अपने बयान में कहा कि मैं तत्काल प्रभाव से अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट छोड़ रहा हूं. साथ ही मैं आईपीए-9 के साथ ही घरेलू क्रिकेट भी छोड़ दूंगा. मेरा शरीर अब खेल के लायक नहीं रहा. मैं जानता हूं कि मेरे लिए संन्यास लेने का यह सही वक्त है. 
 
2011 विश्व कप में जहीर भारत के सबसे सफल गेंदबाज थे. जहीर ने 18.76 के औसत से कुल 21 विकेट हासिल किए थे. वह पाकिस्तान के के शाहिद अफरीदी के साथ टूर्नामेंट में सबसे अधिक विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे थे.
IANS