मुंबई. अप्रैल से शुरू होने वाले आईपीएल के 19 मैचों पर महाराष्ट्र में सूखे के चलते खतरा मंडरा रहा है. दरअसल महाराष्ट्र के विदर्भ और मराठवाड़ा इलाके भी पानी की भारी कमी झेल रहे हैं. इसी बीच महाराष्ट्र बीजेपी ने बीसीसीआई से अपील की है वो इसी महीने शुरू हो रहे आईपीएल 9 के मुकाबलों को राज्य से बाहर करवाएं.

मुंबई बीजेपी के सचिव विवेकानंद गुप्ता ने राज्य में सूखे का हवाला देते हुए बीसीसीआई अध्यक्ष को लिखी चिट्ठी में कहा है कि एक स्टैंडर्ड क्रिकेट मैदान के लिए 80 हजार से एक लाख लीटर तक पानी की जरूरत होती है. ऐसे में हफ्ते में दो से तीन बार क्रिकेट मैदान को ठीक करने के लिए 1 लाख 60 हजार से 3 लाख लीटर पानी की खपत हो सकती है.

महाराष्ट्र BJP की अपील सुन ली गई तो यहां नहीं होंगे IPL के 19 मैच अप्रैल से जून तक ज्यादा गर्मी पड़ने की आशंका के बीच उन राज्यों में लोगों की मुसीबत और बढ़ सकती हैं जो पहले से ही सूखे का सामना कर रहे हैं.

इसलिए 9 अप्रैल से 29 मई तक मुंबई, पुणे और नागपुर में होने वाले 19 आईपीएल मैचों को लेकर मैदान की देखरेख में 70 लाख लीटर से भी ज्यादा पानी खर्च होगा. जिस तरह आज महाराष्ट्र में सूखे की प्रबल संभावना है, ऐसे में यहां पर होने वाले आईपीएल मैच कहीं और आयोजित किए जाने चाहिए.

दरअसल, मराठवाड़ा और विदर्भ में पिछले दो सालों में काफी कम बारिश हुई है जिसकी वजह से जमीन में पानी का स्तर काफी तेजी से गिर गया है. इसका सीधा असर राज्य के 90 लाख किसानों पर पड़ा है. ताजा रिसर्च में पता चला है कि लगभग पूरे देश में गर्मी का असर और उसकी मियाद लगातार बढ़ रही है और इसका भयानक असर जनजीवन और जल संसाधनों पर पड़ रहा है.