नई दिल्ली. उत्तर भारत के कई राज्यों में प्रचंड गर्मी और बढ़ते तापमान ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है, लेकिन गुजरात के सिलवासा में गर्मी का ऐसा कहर है कि वहां सड़के तक पघलने लगी हैं. पिघली सड़कों पर इंसान का चलना मुश्किल होता जा रहा है. सिलवासा में पारा 45 डिग्री को पार कर गया है, जिसकी वजह से तारकोल से बनी सड़के पिछलने लगी हैं. सड़कों में लोगों की चप्पलें भी चिपकने लगी हैं.
 
बता दें कि जिस तारकोल को ठंड के मौसम में पिघलाने के लिए कड़ी मशक्कत की जाती है, वही तारकोल प्रचंड पारे की वजह से पिघलने लगा है. सड़क को पार करते वक्त चप्पल चिपकने की वजह से लोगों को काफी परेशानी हो रही है.
 
गर्म रेत में पापड़ सेंक रहे हैं जवान
 
राजस्थान के जैसलमेर में तापमान इतना बढ़ गया है कि वहां बीएसएफ के जवान रेत पर ही पापड़ सेंक लेते हैं. इतना ही नहीं जवानों का कहना है कि एक बर्तन में पानी में चावल डालकर छोड़ देने से तीन घंटे में चावल पक कर तैयार हो जाता है. जवानों ने वहां तापमान मापने का एक यंत्र लगा रखा है जो जैसलमैर का तापमान 54 डिग्री सेल्सियल बता रहा है. 
 
बता दें कि जहां राजस्थान के चुरू और फलौदी में तापमान 51 डिग्री के पार हो गया है. वहीं जालौर, बीकानेर और बाड़मेर में पारा 50 डिग्री से ज्यादा है. टोंक में गर्मी की वजह से सड़क तक फट गई है.
 
दिल्ली में ऑरेंज अलर्ट
 
दिल्ली में गर्मी की वजह से ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया गया. मतलब लोगों को चेतावनी दी गई है कि वह घर से बाहर न निकलें.