नई दिल्ली. ‘मन की बात’ करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐलान किया है कि जमीन को लेकर सरकार भूमि अध्यादेश नहीं लाएगी. हालांकि उन 13 बिंदुओं को नियम के तहत लागू किया जाएगा जिससे किसानों का आर्थिक हित जुड़ा है.
 
मोदी ने ‘मन की बात करते हुए कहा, ‘हमने एक ऑर्डिनेंस जारी किया था, कल 31 अगस्त को ऑर्डिनेंस की सीमा समाप्त हो रही है, और मैंने तय किया है, समाप्त होने दिया जाए. मतलब ये हुआ, कि मेरी सरकार बनी, उसके पहले जो स्थिति थी, वो अब पुनःप्रस्थापित हो चुकी है. लेकिन उसमें एक काम अधूरा था, और वह था – 13 ऐसे बिंदु थे, जिसको एक साल में पूर्ण करना था और इसलिए हम ऑर्डिनेंस में उसको लाये थे, लेकिन इन विवादों के रहते वो मामला भी उलझ गया. ऑर्डिनेंस तो समाप्त हो रहा है, लेकिन जिससे किसानों को सीधा लाभ मिलने वाला है, किसानों का सीधा आर्थिक लाभ जिससे जुड़ा हुआ है, उन 13 बिंदुओं को, हम नियमों के तहत लाकर के, आज ही लागू कर रहे हैं ताकि किसानों को नुकसान न हो, आर्थिक हानि न हो, और इसलिए जिन 13 बिन्दुओं को लागू करना पहले के कानून में बाकी था, उसको आज हम पूरा कर रहे हैं.’
 
उन्होंने कहा, ‘मेरे किसान भाइयों और बहनों को मैं विश्वास दिलाता हूँ, कि हमारे लिए ’जय-जवान, जय-किसान’ ये नारा नहीं है, ये हमारा मंत्र है – गांव, ग़रीब किसान का कल्याण – और तभी तो हमने 15 अगस्त को कहा था, कि सिर्फ कृषि विभाग नहीं, लेकिन कृषि एवं किसान कल्याण विभाग बनाया जायेगा, जिसका निर्णय हमने बहुत तेज़ी से आगे बढ़ाया है. तो मेरे किसान भाइयो-बहनो, अब न भ्रम का कोई कारण है, और न ही कोई भयभीत करने का प्रयास करे, तो आपको भयभीत होने की आवश्यकता है.’