नई दिल्ली. कांग्रेस ने सुषमा और वसुंधरा को हटाने के लिए नया दांव चला है . कांग्रेस ने सरकार के सामने जीएसटी बिल पर समर्थन के लिए शर्त रख दी है. टाइम्स ऑफ इंडिया के हवाले से खबर है कि कांग्रेस ने सरकार से कहा है कि वो विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को हटाए तभी संसद के सत्र में जीएसटी बिल का समर्थन करेगी .
 
टाइम्स ऑफ इंडिया ने कांग्रेस  के एक बड़े नेता के हवाले से समर्थन के लिए शर्त की खबर छापी है . 21 जुलाई से संसद का सत्र शुरू हो रहा है और इसमें सरकार देश भर में एक टैक्स प्रणाली वाली गुड्स एंड सर्विस टैक्स यानी जीएसटी बिल पेश करने वाली है.
 
क्यों जारी है बवाल 
वसुंधरा राजे पर पूर्व आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी के निवेश से सीधा फायदा होने का गंभीर आरोप लगा है. आईपीएल के पूर्व आयुक्त ललित मोदी द्वारा वसुंधरा राजे के बेटे की कंपनी में अत्यधिक प्रीमियम पर 11 करोड़ रूपये का निवेश किए जाने से राजस्थान की मुख्यमंत्री के लाभान्वित होने का खुलासा होने से उन पर संकट बढ़ गया है.

चुनाव आयोग के समक्ष दाखिल राजे के एक हलफनामे में दिखाया गया था कि अपने सांसद बेटे दुष्यंत सिंह के मालिकाना हक वाली कंपनी नियंत हेरीटेज होटल में उनके 3280 शेयर हैं. ललित ने हर 10 रूपये के शेयर के लिए 96,000 रूपये प्रति शेयर की अधिक दर से 11 करोड़ रूपये इस कंपनी में निवेश किये थे.
 
इस खुलासे ने इन आरोपों को जन्म दिया है कि राजे को ललित के विवादास्पद निवेशों से फायदा हुआ. लेकिन बाद में राजस्थान बीजेपी अध्यक्ष अशोक परनामी ने यह दावा करते हुए खारिज कर दिया था कि ये शेयर उन्हें दुष्यंत और उनकी पत्नी निहारिका ने तोहफे में दिये थे. परनामी के मुताबिक दुष्यंत और उनकी पत्नी ने राजे के जन्म दिन पर उन्हें क्रमश: 1615 और 1655 शेयर तोहफे में दिए थे. 

एजेंसी इनपुट भी