मुंबई. मोदी मंत्रिमंडल विस्तार पर शिवसेना ने हमला बोल दिया है. शिवसेना की ओर से कहा गया है कि ये राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) नहीं बल्कि भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के मंत्रिमंडल का विस्तार है. सामना में उद्धव ठाकरे ने लिखा है कि ये विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए ये विस्तार किया गया है. 
 
इनख़बर से जुड़ें | एंड्रॉएड ऐप्प | फेसबुक | ट्विटर
 
उन्होंने आगे लिखा है कि उत्तर प्रदेश और पंजाब को ध्यान में रखकर यह विस्तार किया गया है. पंजाब में चुनाव आने की वजह से एसएस अहलुवालिया को मौका दिया गया है वहीं कुर्मी वोट बैंक के लिए अनुप्रिया पटेल को लाल बत्ती दी गई. वहीं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के परेशान करने के लिए विजय गोयल को मंत्री बनाया गया है. 
 
ठाकरे ने कहा, ‘उस समय उन्होंने (बीजेपी ने) हमें राज्यमंत्री के पद की पेशकश की थी. फिर कहा कि हमें कैबिनेट में जगह मिलेगी. हम कहते हैं कि हमें जो भी मिले, सम्मान के साथ मिलना चाहिए. हम किसी चीज के लिए झोली नहीं फैलाएंगे. कैबिनेट विस्तार पर दिल्ली के साथ कोई बातचीत नहीं हुई है.’ उन्होंने कहा कि मंत्री पद मिलना उनके लिए गौण बात है और अगर बातचीत होती है तो वह अपनी राय रखेंगे.
 
ठाकरे ने कहा, ‘कई राजनीतिक दलों के लोग शिवसेना में शामिल हो रहे हैं. मैं उनसे मिलने में व्यस्त रहा हूं और इसलिए कैबिनेट विस्तार पर विचार-विमर्श का समय नहीं मिला. एक बात साफ है. शिवसेना किसी चीज के लिए किसी के दरवाजे पर असहाय होकर कभी खड़ी नहीं होगी.
 
Stay Connected with InKhabar | Android App | Facebook | Twitter
 
बता दें कि शिवसेना और बीजेपी से काफी समय से तल्खी चल रही है. उद्धव खुलेआम मोदी सरकार पर निशाना साधते रहते हैं, कभी कालेधन को लेकर और कभी पाकिस्तान को लेकर, शिवसेना को बीजेपी को घेरने का जब भी मौका मिलता है, पार्टी चूकती नहीं है, शायद इसलिए मोदी भी शिवसेना को इग्नोर कर रहे हैं.’