शिलांग. अरुणाचल प्रदेश में सरकार गंवाने और उत्तराखंड की सरकार जाते-जाते बचाने के बाद कांग्रेस की मेघालय सरकार संकट में घिर गई है. तुरा लोकसभा उपचुनाव में सीएम मुकुल संगमा की पत्नी की एनडीए के कोनार्ड संगमा से रिकॉर्ड मार्जिन से हार के बाद मुकुल को हटाने की मांग को लेकर विद्रोह की स्थिति पैदा हो गई है.
 
अरुणाचल और उत्तराखंड से सबक सीख चुकी कांग्रेस हाईकमान इस दफा कोई गलती करने के मूड में नहीं दिखती इसलिए कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने मेघालय के नाराज़ विधायकों और विक्षुब्ध नेताओं से मिलने का फैसला किया है. कहा जा रहा है कि मेघालय कांग्रेस के अध्यक्ष डीडी लपांग ही मुकुल के खिलाफ विद्रोह की अगुवाई कर रहे हैं.
 
सूत्रों का कहना है कि मेघालय में मुखिया नहीं भी बदला गया तो कम से कम मंत्रिमंडल फेरबदल करके असंतोष को ठंडा करने की कोशिश होगी. मेघालय संकट में सीधे राहुल के सीधे दखल की जरूरत इसलिए पड़ी है क्योंकि राज्य के लिए पार्टी के दोनों प्रभारी खुद के राजनीतिक करियर को ठीक करने में बिजी हैं.
 
पार्टी के उत्तर पूर्व मामलों के महासचिव वी नारायणसामी काफी समय से पांडिचेरी चुनाव में बिजी थे और अब उन्हें वहां बन रही कांग्रेस की सरकार का सीएम भी चुन लिया गया है. मेघालय को पार्टी की तरफ से देखने वाली राष्ट्रीय सचिव विजयलक्ष्मी साधो भी मध्य प्रदेश से राज्यसभा के दूसरे टर्म की जुगत में लगी हैं.
 
नारायणसामी ने दिल्ली में मेघालय कांग्रेस के अध्यक्ष डीडी लपांग, पूर्व सीएम एसी मराक के साथ बैठक की और बाद में राहुल गांधी के साथ लपांग और शिलॉंग के एमपी विंसेंट पाला के साथ मीटिंग में भी मौजूद थे. इसी बैठक में राहुल ने विक्षुब्ध नेताओं से मिलने की रजामंदी दी.
 
मुकुल संगमा पर विक्षुब्ध कांग्रेसी मनमर्जी से सरकार चलाने और खुद ही सारे फैसले लेने का आरोल लगा रहे हैं. तुरा सीट पर पीए संगमा के बेटे और नेशनल पीपुल्स पार्टी के कोनार्ड संगमा के हाथों 1.92 लाख के अंतर से मुकुल संगमा की पत्नी दिखांची डी सिरा की हार के बाद मुकुल नैतिक मनोबल खो चुके हैं.
 
60 सदस्यों वाली मेघालय विधानसभा में कांग्रेस के 30 विधायक हैं जबकि उसकी सरकार को एनसीपी के 2 और 11 निर्दलीय विधायकों का समर्थन है. विपक्षी दलों ने मेघालय पीपुल्स फ्रंट नाम से एक गठबंधन बना रखा है जिसमें यूनाइटेड डेमोक्रेटिक पाटी के 8, नेशनल पीपुल्स पार्टी के 2 और 2 निर्दलीय विधायक शामिल हैं. इनके अलावा पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी के 4 और एनईएसडीपी के 1 विधायक हैं.