नई दिल्ली. एसोशिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म(ADR) और गुजरात इलैक्शन वॉच (GEW) द्वारा जारी की गई एक रिपोर्ट के अनुसार  9 और 14 दिसंबर को होने वाले गुजरात विधानसभा चुनाव के लिए दोनों चरण को मिलाकर कांग्रेस की तरफ से कुल 174  प्रत्याशी मैदान में हैं. वहीं  इनमें से 38 के खिलाफ गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं. यानि लगभग 22 प्रतिशत कांग्रेस उम्मीदवारों पर आपराधिक मामले चल रहे हैं. बता दें कि 2012 के चुनावों में ये आंकड़ा 12 प्रतिशत था. ऐसे में देखा जाए तो कांग्रेस ने क्रिमीनल बैकग्राउंड के उम्मीदवारों के टिकट देने में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी ही की है.

बता दें कि गुजरात चुनावों में आपराधिक मामलों में फंसे उम्मीदवारों के टिकट देने में भाजपा भी पीछे नहीं है. जहां 2012 के चुनाव में 180 प्रत्याशियों में से 24 भाजपा प्रत्याशियों पर अपराधिक मामले दर्ज थे. वहीं इस बार 175 में से 23 उम्मीदवारों पर ऐसी ही मामले दर्ज हैं. दोनों ही बार देखें तो क्रिमीनल बैकग्राउंड के उम्मीदवारों के टिकट देने में भाजपा आंकड़ा 13 प्रतिशत है. ADR और GEW ने कहा है कि वह तकनीकी कारणों से दोनों ही पार्टियों के कुछ शपथ पत्रों का विश्लेषण नहीं कर पाए हैं. बता दें कि हाल ही में ADR और GEW ने हाल ही में सिर्फ पहले चरण के चुनाव में उतरने वाले क्रिमीनल बैकग्राउंड के उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की थी.

गौरतलब है कि 9 और 14 दिसंबर को दो चरणों में होने वाले गुजरात विधानसभा चुनावों में जीत का परचम लहराने के लिए भाजपा, बसपा, कांग्रेस, एनसीपी और आम आदमी पार्टी समेत निर्दलीय उम्मीदवारों ने जनता को लुभाने के लिए ऐड़ी चोटी का जोड़ लगा दिया है. इस चुनाव के चुनाव के नतीजे 18 दिसंबर को आएंगे.

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