नई दिल्ली. यूपीए सरकार में केंद्रीय राज्य मंत्री रह चुकीं परनीत कौर के स्विस बैंकों में मौजूद खातों के बारे में भारत ने स्विस सरकार से मदद मांगी है. मामला विदेशों में जमा कालेधन से जुड़ा है. भारत सरकार ने कौर के अलावा उनके बेटे रणिंदर सिंह और कई अन्य के खातों की जांच के बारे में जानकारी मांगी है. मंगलवार को इस बात की जानकारी स्विट्जरलैंड की ओर से जारी एक स्टेटमेंट में हुआ है. 
 
कौर के पास क्या हैं ऑप्शन?
स्विट्जरलैंड के नियमों के मुताबिक, इस मामले में पूर्व मंत्री को अपील करने के लिए 10 दिनों का वक्त दिया जाएगा. स्विस टैक्स डिपार्टमेंट के मुताबिक, “परनीत कौर और उनके बेटे भारत से मांगे गए सहयोग को लेकर 10 दिनों के भीतर अपील कर सकते हैं. यह अपील उनकी बात ‘सुनने के अधिकार’ से संबंधित है.
 
मोदी सरकार की लिस्ट में कितने लोगों का नाम?
नवंबर के पहले हफ्ते में विदेशी बैंकों के 627 अकाउंट होल्डर्स की लिस्ट मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को सौंपी थी. परनीत कौर के अकाउंट से जुड़ी यह जानकारी सामने आने के बाद कालेधन पर बीजेपी और कांग्रेस के बीच चल रही तकरार और तेज हो गई थी. वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा था कि विदेशी बैंक में खाता धारकों का नाम सामने आने से कांग्रेस शर्मिंदा हो सकती है. इस पर कांग्रेस ने उन पर ‘ब्लैकमेल’ करने का आरोप लगाया था. 
 
कौन हैं परनीत कौर?
परनीत कौर, यूपीए-2 की सरकार में विदेश राज्य मंत्री रह चुकी हैं. वे पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री और लोकसभा में कांग्रेस के उप नेता कैप्टन अमरिंदर सिंह की वाइफ हैं. हाल ही में विदेशों में कालाधन जमा करने वालों की एक लिस्ट जारी की गई थी. इसमें उनका और उनके बेटे का भी नाम सामने आया था.
 
अंग्रेजी अखबार द टाइम्स ऑफ इंडिया ने सूत्रों के हवाले से बताया गया था कि स्विट्जरलैंड स्थित एचएसबीसी के मुख्य शाखा में भले ही फिलहाल परनीत कौर का कोई अकाउंट न हो, लेकिन एचएसबीसी की लिस्ट से पता चलता है कि उनका एक अकाउंट 10 साल पहले था. सूत्र ने अखबार को बताया था कि अकाउंट में न के बराबर पैसा है.
 
एजेंसी