पटना. नीतीश सरकार में बिहार के युवा उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने अपने आलोचकों को जवाब देते हुए कहा कि किताब की पहचान कवर से नहीं होती.  उन्होंने ट्विटर पर लिखा, ‘ब्रैंड बिहार का वैल्यू बढ़ाने और (राज्य के) विकास में अपनी ओर से कोई कसर नहीं छोड़ूंगा, जिससे कि नीतीश कुमार को मुझे अपना सहायक बनाने पर गर्व हो.’ 
 
इसके बाद तेजस्वी ने लिखा, ‘किसी को भी किताब को उसके कवर से नहीं परखना चाहिए। मीठे रस और कड़वी दवाई का असली फायदा पता लगने में वक्त लगता है.’ 
 
इससे पहले आलोचक नीतीश सरकार में तेजस्वी की एंट्री को लेकर कह रहे थे कि तेजस्वी के पास पर्याप्त राजनीतिक अनुभव नहीं है जिसका खामियाजा सीएम नीतीश कुमार को भुगतना पड़ेगा.