जम्मू. जम्मू-कश्मीर के सांबा जिले में धार्मिक ग्रंथ की प्रतियां जलाए जाने के विवाद को लेकर दो समुदायों के बीच हुई हिंसक झड़प के बाद गुरुवार रात को कर्फ्यू लगा दिया गया. हालात से निपटने के लिए सेना को भी तैयार रहने का आदेश दिया गया है. जम्मू के उपायुक्त पवन कोतवाल ने बताया, ‘सांबा में कुछ शरारती तत्वों की किसी गतिविधि को लेकर हुए हिंसक प्रदर्शनों के मद्देनजर कर्फ्यू लगा दिया गया है और सेना को तैयार रखा गया है.’ टीवी रिपोर्ट्स में झड़प की वजह गोहत्या के एक मामले को भी बताया गया है.
 
जम्मू पठानकोट राजमार्ग हिंसक प्रदर्शनों के कारण बंद है और सांबा के जिला मजिस्ट्रेट शीतल नुंदा के सरकारी वाहन को भी आग लगा दी गई. घटना के प्रकाश में आने के बाद डीएम घटनास्थल पर गए थे. अधिकारियों ने बताया कि सांबा जिले के राया मोड के समीप मुराईन गांव में आज शाम किसी अप्रिय घटना की खबर मिली थी.
 
इसके बाद बड़ी संख्या में लोग राजमार्ग पर एकत्र हो गए और हिंसक प्रदर्शनों के बीच इसे ठप कर दिया. उन्होंने बताया कि कुछ और वाहनों को भी आग लगा दी गयी. प्रदर्शनकारी पुलिस से भिड़ गए जिसे उन्हें तितर बितर करने के लिए लाठीचार्ज करने के साथ ही आंसू गैस के गोले दागने पडे़.  अधिकारियों ने बताया कि हालात के मद्देनजर प्रशासन ने रात जिले में कर्फ्यू लगाने का आदेश दिया और हालात को सामान्य बनाने के लिए सेना को तैयार रखा गया है.