जम्मू-कश्मीरः सुरक्षाबलों के साथ सोमवार को मुठभेड़ में मारा गया जैश कमांडर अबू खालिद एक्स गर्लफ्रेंड के चक्कर में मारा गया. बताया जा रहा है कि उसकी एक एक्स गर्लफ्रेंड ने ही सुरक्षाबलों को खालिद के बारे में जानकारी दी थी. सूत्रों के मुताबिक, सुरक्षाबल इसी इनपुट के आधार पर खालिद की हरकतों पर नजर रख रहे थे. खालिद की लोकेशन की जानकारी देने के लिए उसकी एक्स गर्लफ्रेंड बाकायदा एक कोड वर्ड का इस्तेमाल कर रही थी. जैश कमांडर अबू खालिद श्रीनगर में बीएसएफ कैंप पर हुए आतंकी हमले का मास्टरमाइंड था. अबू खालिद के मारे जाने से घाटी में जैश आतंकियों की कमर टूट गई है.
 
मिली जानकारी के अनुसार, खालिद के बारे में सुरक्षाबलों को जानकारी देने के लिए ‘जहन्नुम’ कोड वर्ड रखा गया था. यह कोड वर्ड खालिद की एक्स गर्लफ्रेंड ने ही रखा था क्योंकि उसका मानना था कि खालिद ने उसकी जिंदगी को नरक बना दिया है. खालिद जब उससे मिलने आया तो उसने इसी कोड के जरिए सुरक्षाबलों को इसकी सूचना दे दी. जिसके बाद सोमवार को बारामूला के लडूरा इलाके में खालिद को मार गिराया गया. खुद के घिरने के बाद खालिद ने छिपने के लिए तीन बार ठिकाने बदले, लेकिन वो सुरक्षाबलों की गोलियों से बच नहीं पाया.
 
 
सूत्रों की मानें तो जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी अबू खालिद के 17 लड़कियों के साथ संबंध थे. सुरक्षाबलों की मदद करने वाली खालिद की एक्स गर्लफ्रेंड चाहती थी कि उसे ऐसी ही मौत नसीब हो. दरअसल करीब एक साल पहले युवती को पता चला कि वह प्रेग्नेंट है. जब उसने यह बात खालिद को बताई तो उसके जवाब ने युवती का दिल तोड़ दिया. खालिद ने कहा, उसका कोई लेना-देना नहीं है, न ही उसके साथ और न ही कोख में पल रहे बच्चे के साथ. युवती ने पंजाब के जालंधर आकर अबॉर्शन करवाया और उसी दिन से उसने खालिद से बदला लेने की ठान ली. युवती का मानना था कि उसके बच्चे और उसकी बर्बादी का जिम्मेदार खालिद ही है.
 
ऐसा पहली बार नहीं हुआ है कि कोई आतंकी किसी लड़की के चक्कर में मारा गया हो. इसी साल लश्कर-ए-तैयबा का कमांडर अबू दुजाना भी इसी वजह से मारा गया था. सुरक्षाबलों का मानना है कि आम तौर पर आतंकी अपनी गर्लफ्रेंड से मिलने अकेले जाते हैं. ऐसे में सुरक्षा बलों के पास उन्हें घेरने का यही सबसे सही मौका होता है. सूत्रों की मानें तो पाकिस्तान से आए आतंकी कश्मीरी लड़कियों को इंप्रेस करने के लिए हर संभव कोशिश करते हैं लेकिन किसी के साथ कभी ईमानदार नहीं रहते. ऐसे में प्यार में धोखा मिलने के बाद वह लड़कियां बदला लेने की नीयत से सुरक्षाबलों के साथ मिल जाती हैं. सुरक्षा एजेंसियां भी ऐसी लड़कियों की पहचान कर उनसे संपर्क करने की कोशिश में जुटी रहती हैं.