चंडीगढ़: पंजाब के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू के कॉमेडी शो में काम करने का मामला हाईकोर्ट पहुंच गया है. पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने उस जनहित याचिका को सुनवाई के लिए मंजूर कर लिया है जिसमें मंत्री बनने के बावजूद सिद्धू के टीवी शो में काम करने पर सवाल उठाए गए थे. 
 
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मंत्री सिद्धू के कॉमेडी शो पर HC के सवाल
कोर्ट ने इस मामले में पंजाब सरकार के एडवोकेट जनरल से पूछा है कि क्या ये आचार संहित के उल्लंघन का मामला नहीं बनता? कोर्ट ने कहा कि मंत्री एक सरकारी पद पर तैनात मुलाजिम की तरह है और अगर कोई मुलाजिम सरकारी पद पर रहते हुए बिजनेस करेगा तो क्या ये कनफ्लिक्ट ऑफ इंटरेस्ट का मामला नहीं बनता?
 
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कोर्ट ने पूछा कि क्या ये मोरल ग्राउंड पर सही है कि एक व्यक्ति मंत्री पद पर रहते हुए इस तरह प्राइवेट काम करके पैसे कमाए. कोर्ट के सवालों पर एडवोकेट जनरल ने कहा कि वो इस मामले में सरकार की तरफ से फिलहाल कोई जवाब नहीं दे सकते. इसके बाद अदालत ने मामले की अगली सुनवाई की तारीख 11 मई को तय कर दी.
 
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अंदर की बात
अंदर की बात ये है कि कानून के लिहाज से सिद्धू सही हैं. यही राय पंजाब के एडवोकेट जनरल ने पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को दी थी. उनके मुताबिक इससे न तो संविधान का और ना ही जनप्रतिनिधित्व कानून, 1951 का उल्लंघन हुआ है. यही वजह है कि हाई कोर्ट ने भी नैतिकता का हवाला दिया है.
 
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दूसरी तरफ सिद्धू ये कह चुके हैं कि राजनीति उनके लिए कमाई का जरिया नहीं है. इसके लिए वो टीवी शो और क्रिकेट की कमेंट्री करते हैं. चूंकि क्रिकेट की कमेंट्री छोड़ने का ऐलान वो पहले ही कर चुके हैं, लिहाजा उनके पास ले-देकर टीवी शो ही रह गया है. अब इसे वो इतनी आसानी से छोड़ने को तैयार नहीं हैं.