पणजी. गोवा के कैथोलिक गिरजाघरों के आर्चबिशप (प्रमुख) फिलिप नेरी फेराओ ने कहा है कि देश में अल्पसंख्यकों के मन में ‘भय और असुरक्षा’ की भावना आ रही है. आर्चबिशप ने सामूहिक दुष्कर्म की शिकार रायपुर की एक 48 वर्षीया नन के प्रति संवेदनाएं व्यक्त करते हुए ये बातें कहीं. आर्चबिशप फेराओ ने एक वक्तव्य जारी कर कहा कि यह दुखद है कि दुष्कर्म करने वाले अपराधियों को अब तक गिरफ्तार नहीं किया जा सका है.

 

 हम यह भी दुआ कर रहे हैं कि देश में अल्पसंख्यकों के सर पर मंडरा रहे भय और असुरक्षा के बादल छंट जाएं और हम जल्द ही स्वतंत्रता, शांति और न्यायपूर्ण जीवन जी सकें:आर्चबिशप

उन्होंने कहा, “हम यह भी दुआ कर रहे हैं कि देश में अल्पसंख्यकों के सर पर मंडरा रहे भय और असुरक्षा के बादल छंट जाएं और हम जल्द ही स्वतंत्रता, शांति और न्यायपूर्ण जीवन जी सकें.’ आर्चबिशप ने कहा, “इस तरह के नीच कार्य के कारण बदलाव की जरूरत और अधिक बढ़ गई है, क्योंकि यह नीच कार्य एक ऐसे व्यक्ति के साथ हुआ है जिसने अपना जीवन गरीबों पर न्यौछावर कर दिया है.

 हमें इस बात की निराशा है कि अपराधियों को अब तक पकड़ा नहीं जा सका है.’ फेराओ गोवा में रोमन कैथोलिक गिरजाघरों के प्रमुख हैं. गोवा की 26 फीसदी आबादी रोमन कैथोलिक ईसाई है.

-IANS