नई दिल्ली. भारत के विदेश सचिव एस जयशंकर ने सर्जिकल स्ट्राइक के मुद्दे पर संसदीय समिति को बताया है कि यह पहली बार नहीं हुआ है, इससे पहले भी सेना ने एलओसी पार कर सीमित क्षमता में आतंकवाद विरोधी कार्रवाई को अंजाम दिया है, लेकिन पहली बार इसे सार्वजनिक किया गया है.
 
जयशंकर ने यह बात शशि थरूर की अध्यक्षता वाली समिति के सामने मंगलवार को कही. उनसे जब यह सवाल किया गया कि क्या पहली बार सर्जिकल स्ट्राइक की गई, तो इसके जवाब में उन्होंने रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर के बयान से अलग बयान दिया.
 
 
पर्रिकर ने अपने एक बयान में यह कहा था कि भारत ने पहली बार सर्जिकल स्ट्राइक की है. उन्होंने कहा था कि उरी हमले के बाद ही पहली बार सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी. 
 
विदेश मंत्रालय की संसदीय समिति की ढाई घंटे तक चली इस बैठक में यह भी बताया गया कि स्ट्राइक खत्म होने के तुरंत बाद पाकिस्तान के डीजीएमओ को इसकी जानकारी दे दी गई थी.