इलाहाबाद. बुलंदशहर गैंगरेप मामले में सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है. जिसमें पीड़ितों का बयान दर्ज हो सकता है. कोर्ट ने मामले को अति गंभीर मानते हुए सुनावाई करने का फैसला लिया था. बता दें कि 29 जुलाई की रात NH 91 पर बदमाशों ने कार सवार परिवार के साथ लूटपाट करने के बाद महिला और उसकी बेटी के साथ गैंगरेप किया था. 
 
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पीड़ित महिला और बेटी के परिवार के मुखिया ने कहा कि घटना के बाद उनका परिवार एक दोस्त के घर रह रहा था लेकिन वहां के लोगों को भी उनके साथ हुई घटना के बारे में पता चल गया है जिसके बाद मित्र की पत्नी ने उन लोगों को घर से चले जाने को कहा है.
 
 
पीड़ित महिला के पति व लड़की के पिता ने कहा है कि उनकी बेटी अपना स्कूल नहीं छोड़ना चाहती लेकिन उन्हें नहीं लगता कि अब वो अपने घर में उसी मान-सम्मान के साथ रह सकेंगे. पीड़ित परिवार उस घर में 18 साल से रहा रहा था जिसे छोड़ने का मन वो बना चुका है.
 
 
क्या था मामला ?
बता दें कि बुलंदशहर हाईवे से जा रहे परिवार को दिल्ली-कोलकाता राष्ट्रीय राजमार्ग पर रोक कर 5 आदमियों के समूह ने पहले लूटपाट की और फिर मां-बेटी के साथ गैंगरेप किया. बताया जा रहा है कि बदमाशों ने कार में बैठी महिलाओं और पुरुषों को हाई-वे से कुछ दूर खेत में ले जाकर बंधक बना लिया. इसके बाद इन लोगों ने नकदी समेत जेवर लूट लिए. बाद में मां-बेटी के साथ गैंगरेप को भी अंजाम दिया गया. 
 
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अगली सुबह परिवार का एक सदस्य रस्सी खोलने में सफल रहा और फिर उसने  मामले की रिपोर्ट पुलिस थाने में की. घटनास्थल से महज़ 100 मीटर की दूरी पर एक पुलिस पोस्ट भी है. इस मामले में 15 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है. आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की कई टीमों को तैनात किया गया है. मामले में अब तक सात पुलिस अफसरों को निलंबित कर दिया गया है.