नई दिल्ली. सरकार के एक साल पूरा होने के मौके पर पीएम नरेंद्र मोदी ने जनता के नाम चिट्ठी लिखकर अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनवाई हैं. सालगिरह के मौके पर आज पहले बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह 10 बजे प्रेस कांफ्रेंस करेंगे उसके बाद वे रैली को भी संबोधित करेंगे. इसके अतिरिक्त सभी बीजेपी सांसदों को निर्देश जारी किये गए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में जनता को सरकार के कामों से अवगत कराएं. स्मृति ईरानी भी आज जनसभा कर मोदी के एक साल की उपलब्धियां बताएंगी. 

क्या है मोदी की चिट्ठी में
26 मई 2014, यानी आज ही के दिन ठीक एक साल पहले केंद्र में मोदी सरकार आई थी. नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए गठबंधन को 336 सीटें हासिल हुईं थीं, जिनमें से 282 सीटें तो सिर्फ बीजेपी की थीं. जनता ने बहुमत दिया तो उम्मीदें भी बहुत लगाई. नरेंद्र मोदी ने अपने चुनावी अभियान में वादों की झड़ी लगा दी थी. काले धन की वापसी से लेकर महंगाई कम करना और पाकिस्तान को करारा जवाब देने से लेकर ग़रीबों की ज़िंदगी में बदलाव लाना.

सरकार का एक साल पूरा होने के मौके पर सोमवार को प्रधानमंत्री ने मथुरा में रैली की और सरकार की उपलब्धियां गिनाईं. साथ ही नया नारा भी दिया, बूरे दिन गए और बुरा करने वालों के अच्छे दिन नहीं आएंगे. पीएम ने वादा किया कि अगले चार साल उनका हर पल देश के लिए होगा. अपनी सरकार का एक साल पूरा होने के मौके पर पीएम ने अखबारों के जरिये देश की जनता को एक खुली चिट्ठी लिखी है- पीएम ने अपनी इस चिट्ठी में लिखा है कि

-मैं अपने आपको प्रधान-सेवक मान कर अपनी जिम्मेदारी को निभा रहा हूं
-अंत्योदय हमारे राजनैतिक दर्शन का मूल मंत्र है
-गरीब, मज़दूर और किसानों के हित हमारे लिए सबसे पहले
-किसानों की भलाई के लिए कई योजनाएं
-भ्रष्टाचार मुक्त पारदर्शी शासन हमारा मूलभूत सिद्धांत
-पहले मनमाने ढंग से होता था कोल ब्लॉक और स्पैक्ट्रम का आवंटन
-कोल ब्लॉक आवंटन से तीन लाख करोड़ की आमदनी
-स्पैक्ट्रम के आवंटन से देश को एक लाख करोड़ की आमदनी
-मेरी सरकार के दौरान महंगाई नियंत्रित हुई
-तेज़ी से विकास करने वाली अर्थव्यवस्था बना भारत
-दुनियाभर में भारत की प्रतिष्ठा बढ़ी
-देश में विदेशी निवेश बढ़ा
-सरकार का मुखिया होने के नाते मैं उसका ट्रस्टी हूं
-‘मेक इन इंडिया’ और ‘स्किल इंडिया’ युवाओं को रोज़गार देने के लिए
-मुद्रा बैंक के जरिए आसानी से मिल सकेगा लोन
-चिट्ठी में स्वच्छ भारत और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का भी ज़िक्र

IANS से भी इनपुट