नई दिल्ली. बैंकों के 9000 करोड़ रुपये न चुकाने और देश छोड़कर चले जाने वाले उद्दोगपति विजय माल्या ने राज्यसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है. माल्या ने एथिक्स कमिटी के जारी नोटिस के जवाब में इस्तीफा भेजा है.
 
एथिक्स कमिटी को लगता था कि माल्या की सदस्यता रद्द कर देनी चाहिए लेकिन उन्होंने माल्या को अपना पक्ष रखने के लिए एक हफ्ते का वक्त दिया.
 
बता दें कि विदेश मंत्रालय ने फैसला लेते हुए माल्या का पासपोर्ट रद्द कर दिया है और रिपोर्ट्स के मुताबिक सरकार ने ब्रिटेन से उनके प्रत्यर्पण की प्रक्रिया भी शुरु कर दी है.