नई दिल्ली. दिल्ली में ऑड ईवन योजना के दूसरे चरण का आज अंतिम दिन है. इसका दूसरा चरण 15 अप्रैल से 30 अप्रैल तक के लागू किया गया था. दिल्ली में आज ईवन नंबर की गाड़िया ही चल रही हैं. जिसके बाद प्रदूषण जांच एजेंसी जल्द ही योजना को लेकर केंद्र सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी. बता दें कि बढ़ते प्रदूषण पर सूप्रीम कोर्ट की दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार को फटकार के बाद दिल्ली सरकार ने प्रदूषण कम करने के लिए यह योजना बनाई थी. 
 
ऑड ईवन के दूसरे चरण के दौरान जहां आप नेताओं सहित कुछ लोग इसके समर्थन में उतरे तो वहीं दूसरी ओर दिल्ली सरकार की इस योजना का जमकर विरोध भी हुआ है. इसके अलावा कई नेताओं ने तो इसका विरोध जताते हुए कानून तक तोड़ा है़. 
 
परेश रावल ने तोड़ा था नियम
 
फिल्मस्टार और बीजेपी सांसद परेश रावल ऑड दिन पर ईवन नम्बर की गाड़ी लेकर संसद पहुंच गए थे और जब पत्रकारों ने उनसे पूछा तो उन्होंने माफी मांगी और कहा कि वह गलती से ईवन नंबर गाड़ी में आ गए हैं और आगे से इस नियम का पालन करेंगे. रावल ने कहा था कि मुझे बड़ी भूल हो गई है. मैं अरविंद जी और दिल्लीवासियों से माफी चाहता हूं.
 
वहीं परेश रावल की ही तरह कुछ और बीजेपी सांसद भी ऑड-ईवन नियम का उल्लंघन करते दिखे. उत्तर प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य, प्रहलाद पटेल और अश्विनी मिन्ना भी अपनी ईवन नंबर गाड़ी में संसद आए थे और पूछे जाने पर माफी मांगी और कहा था कि अब से नियम का पालन करेंगे.
 
परिवहन मंत्री ने दी थी चेतावनी
 
जिसके बाद परिवहन मंत्री गोपाल राय ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा था कि जिन सांसदों ने माफी मांग ली है उन पर कोई कार्रवाई नहीं होगी, लेकिन आगे से जो भी इसका उल्लंघन करेगा उस पर कार्रवाई की जाएगी.
 
संसद में भी उठा मुद्दा
 
वहीं सोमवार को ऑड ईवन का मुद्दा संसद में भी उठा था. राज्यसभा में समाजवादी पार्टी के सांसद नरेश अग्रवाल ने ऑड इवन का विरोध किया और कहा था कि ऑड ईवन के कारण उन्हें संसद पहुंचने में दिक्कत हुई. कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने इसका समर्थन किया था और कहा था कि सांसदों को संसद आने से कैसे रोका जा सकता है. वहीं जेडीयू नेता के सी त्यागी ने भी कहा कि सांसदों को ऑड ईवन से छूट मिलनी चाहिए. इस पर केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि सरकार इस बारे में बात करेगी और देखेगी कि संसद और सांसद के काम पर असर ना पड़े.