नई दिल्ली. कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की बेटी प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा है कि उन्हें आवंटित सरकारी बंगले का किराया, उस कैटेगरी में दूसरे लोगों को आवंटित बंगलों के बराबर था, न कि उनका किराया कम था और दूसरों का ज्यादा.

मीडिया में अटल बिहारी वाजपेयी सरकार के दौरान प्रियंका गांधी द्वारा पत्र लिखकर सरकार से अपने बंगले का ज्यादा किराया मांगे जाने का विरोध करने और किराया कम करवाने की खबर आने के बाद प्रियंका के दफ्तर से ये बयान जारी हुआ है.

प्रियंका के दफ्तर से जारी बयान में कहा गया है कि 1996 में प्रियंका ने एक प्राइवेट घर किराए पर लिया था लेकिन सरकार ने उनसे कहा कि एसपीजी सुरक्षा की वजह से वो सरकारी बंगले में रहें. बयान में कहा गया है कि प्रियंका ने सरकारी बंगले का तत्कालीन सरकार द्वारा निर्धारित किराया बिना किसी देरी के हमेशा समय पर जमा किया है. 

बयान में ये भी साफ किया गया है कि 2002 में प्रियंका और उनकी ही तरह सुरक्षा के घेरे में रह रहे कई लोगों के बंगले का किराया अचानक से 90 परसेंट बढ़ा दिया गया था जिसका ऐसे बंगले में रह रहे कई लोगों ने विरोध किया था. बंगले का किराया स्पेशल रेट से डैमेज रेट करना नियमों के हिसाब से ठीक नहीं था जिसे सरकार ने आपत्तियां आने के बाद दुरुस्त किया.