नई दिल्ली. दो दिन पहले डीटीसी बस ड्राइवर की खुलेआम हत्या के बाद से जारी डीटीसी बस ड्राइवर्स की हड़ताल आज दिल्ली सरकार से बातचीत के बाद ख़त्म हो गयी. सरकार द्वारा 10 लाख मुआवजा, 1 परिवारजन को सरकारी नौकरी जैसी मांगों को मान लेने के बाद बस ड्राइवर्स की हड़ताल वापिस ले ली गयी है. 

इससे पहले दिल्ली सरकार ने सोमवार से हड़ताल कर रहे दिल्ली परिवहन निगम यानी डीटीसी के कर्मचारियों पर Essential Services Maintenance Act यानी एस्मा लगा दिया था. दिल्ली सरकार ने कर्मचारियों से हड़ताल खत्म करने की अपील की थी, लेकिन कर्मचारी अपनी मांगें पूरी होने तक हड़ताल जारी रखने की ज़िद पर अड़े रहे, जिसके बाद सरकार ने यह कदम उठाया. 

राजधानी में सड़कों से डीटीसी बसों के नदारद रहने से पब्लिक ट्रांसपोर्ट से सफर करने वालों को लगातार दूसरे दिन भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था. हालांकि आज दो हज़ार बसों के सड़कों पर उतरने का दावा किया जा रहा है, लेकिन यह रोज़ाना के मुकाबले काफी कम है. मेट्रो स्टेशनों के बाहर लंबी कतारें देखी जा रही हैं और शहर के अलग-अलग हिस्सों से ऑटो चालकों की ओर से ज्यादा किराया लिए जाने की बातें भी सामने आ रही हैं. डीटीसी बसों की सेवा लेने वाले कई स्कूलों ने अभिभावकों से कहा है कि बच्चों को स्कूल लाने और ले जाने के लिए वे खुद इंतजाम करें.

IANS से भी इनपुट