इलाहाबाद. उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद में एक ट्यूटर पर आतंकी संगठन आईएस के लिए भर्ती करने का आरोप लगा है. इस टीचर पर रवि के परिवार वालों ने आरोप लगाया है कि वो न सिर्फ आईएस का एजेंट है बल्कि उसने अपने एक स्टूडेंट का इसलिए मर्डर कर दिया क्योंकि स्टूडेंट ने आतंकी बनने से इंकार कर दिया था.
 
तीसरी क्लास में पढ़ने वाले 11 साल के रवि 19 मार्च को रोज की तरह ही ट्यूटर के घर पढ़ने गया था लेकिन घर नहीं लौटा. तीन दिनों तक घरवाले उसे ढूंढ़ते रहे. 22 मार्च को गांव से कुछ दूर एक खेत में रवि की लाश एक बंद बोरे में मिली. 
 
रवि के पिता का कहना है कि रवि की हत्या उसके ट्यूटर ईराफ ने की है. उन्होंने कहा कि ईराफ अहमद उनके बेटे को आईएस में भर्ती कराना चाहता था. लेकिन जब रवि ने इससे इंकार किया तो इसने उसे मौत के घाट उतार दिया.
 
रवि के भाई ने बताया है कि अपने घर में ट्यूशन पढ़ाने वाला ईराफ बच्चों को बगदादी की कहानियां सुनाता था. और आतंकी संगठन आईएस में शामिल होने के लिए छात्रों का ब्रेन वॉश करता था.
 
बता दें कि इस मर्डर केस में आईएस का कनेक्शन सामने आते ही पुलिस ने इंटेलिजेंस एजेंसियों को भी जानकारी दे दी है. आरोपी टीचर को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है. पुलिस जल्द ही इस मामले में बड़ा खुलासा कर सकती है. हालांकि पुलिस का कहना है कि रवि के घरवालों ने जो एफआईआर दर्ज कराई है उसमें आरोपी के आईएस से कनेक्शन की बात नहीं कही गई.