मुंबई. मुंबई आतंकी हमला केस में अमेरिका की जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से गवाही दे रहे डेविड हेडली रोज नए खुलासा कर रहा है. हेडली ने पूछताछ के दौरान एक बड़ा खुलास करते हुए बताया है ‘जमात-उद-दावा के प्रमुख आतंकी हाफिज सईद ने उससे कहा था कि शिवसेना संस्थापक बाल ठाकरे को सबक सिखाना है. इसके लिए मैने 6 महीने का वक्त मांगा था.’

हेडली ने खुलासा किया है कि वो इस दौरान मातोश्री के बाहर तक भी गया था लेकिन सुरक्षा घेरा नहीं तोड़ पाने की वजह से अंदर नहीं घुस पाया. इस दौरान हेडली ने कहा कि उसने सीबीआई हेडकवार्टर और महाराष्ट्र विधानसभा की भी रैकी की थी. इस दौरान एक बार फिर इशरत जहां के बारे हेडली का बयान बदलता नज़र आया. हेडली ने कहा कि इशरत जहां के बारे में उसके पास फर्स्ट हैंड नॉलेज़ नहीं थी.

इशरत जहां के बारे में फर्स्ट हैंड नॉलेज़ नहीं थी- हेडली

हेडली ने यह भी बताया कि लखवी ने उसको मुज़म्मिल भट्ट से मिलवाया था और बताया था कि अक्षरधाम और इशरत जैसे ऑपरेशन उसी ने किए थे. हेडली का कहना है कि जो बयान उसने NIA को दिए थे उसे उसको पढ़कर नहीं सुनाया गया था.

साथ ही उसने यह भी कहा कि इशरत के बारे में उसने जो बयान दिया था वह नहीं जानता कि एनआईए ने उस बात को रिकॉर्ड क्यों नहीं किया. वहीं पूछताछ कर रहे अबू जुंदाल के वकील ने दावा किया है कि हेडली ने इशरत के बारे में एनआईए को कोई बयान नहीं दिया.

हेडली ने शुक्रवार को अपने बयान में कहा था कि वह बचपन से ही भारत से नफ़रत करता रहा है. साथ ही हेडली ने कहा था कि उसके पिता की मृत्यु के बाद पाकिस्तान के तात्कालिक प्रधानमंत्री यूसुफ रज़ा गिलानी उसके घर भी आए थे.

बता दें कि हेडली ने ऐसे कई बयान भी दिए हैं जो पहले के बयानों से बदले हुए थे. फरवरी की पूछताछ में उसने इशरत जहां को लश्कर की महिला फ़िदाईन बताया था और लश्कर में महिला विंग होने की बात कही थी लेकिन शुक्रवार को उसने इन दोनों बातों से इनकार कर दिया.